तेलियाकला गांव के लोगों ने जिलाधिकारी कार्यालय पर प्रदर्शन किया।
देवरिया और मऊ जिले के सीमा क्षेत्र का विवाद गहराता जा रहा है। जिले का गांव तेलिया कुर्मी खादर (तेलिया कलां) के किसानों ने चकबंदी के दौरान कुछ गाटा संख्या को छोड़ने का विरोध तेज कर दिया है। सोमवार को जिलाधिकारी कार्यालय पर सैकड़ों की संख्या में लोग पहुंचे और चकबंदी पर सवाल उठाया है। गांववालों ने चेताया है कि यदि जल्द सीमा विवाद नहीं सुलझा तो विवाद हो सकता है।
मऊ और देवरिया जिले की सीमा को सरयू नदी बांटती है। सरयू नदी के किनारे मईल का तेलिया कला गांव स्थित है। कटान के चलते नदी की धारा में परिवर्तन हो गया है। इसके कारण दोनों जिले के किसानों के बीच सीमा विवाद की स्थिति पैदा हो गई है। इधर तेलिया कलां गांव की चकबंदी शुरू हो गई है। गांववालों का कहना है कि चकबंदी फसली 1291 या 1324 के प्रमाणित बंदोबस्त में 1354 नंबर हैं। सभी नंबरों का चकबंदी होना चाहिए। लेकिन चकबंदी के अधिकारी एक से 1245 नंबरों का ही चकबंदी कर रहे हैं। बाकी नंबरों को छोड़ रहे हैं। इसको लेकर गांव के लोगों ने विरोध तेज कर दिया है।
गांववाले कई महीने से अफसरों से मिल रहे हैं लेकिन वे इसे गंभीरता से नहीं ले रहे हैं। सोमवार को बड़ी संख्या में महिलाएं और पुरूष डीएम कार्यालय पर पहुंचे। लोगों का कहना था कि चकबंदी को निरस्त कर नए सिरे से चकबंदी कराई जाय। ताकि सभी नंबरों को शामिल किया जा सके। इस मौके पर रामानंद प्रसाद, अशोक राजभर, योगेंद्र यादव, जयप्रकाश, समेत तमाम लोग शामिल रहे।