देवरिया। जिले के तीन प्रमुख रेलवे स्टेशनों पर यात्रियों की सुविधाओं के लिए अभी और इंतजार करना होगा। इन स्टेशनों पर अमृत भारत योजना के तहत कायाकल्प का कार्य कराया जा रहा है। इसमें अभी 60 प्रतिशत ही कार्य पूरा हो सका है। बाकी का 40 प्रतिशत कार्य जून तक पूरी होने की उम्मीद है। इसके पूरा होने पर पूरा कलेवर बदला हुआ नजर आएगा।
जिला मुख्यालय पर स्थित देवरिया सदर स्टेशन का 64 करोड़ रुपये की लागत से पुनर्विकास किया जा रहा है। इस योजना का उद्देश्य यात्रियों को महानगरों के विश्वस्तरीय सुविधाएं प्रदान करने के साथ-साथ स्टेशन को देवरिया की समृद्ध सांस्कृतिक पहचान से भी जोड़ना है। कायाकल्प की इस योजना के तहत अभी 60 प्रतिशत कार्य पूरा हो सका है। इसमें स्टेशन के विस्तारित भवन का ढांचा तैयार हो गया है। इसकी रंगाई-पुताई का कार्य चल रहा है। इसके बाद इसमें पेड वेटिंग एरिया और एसी लाउंज बनाया जाएगा। यहां तैयार होने वाली लाइब्रेरी में यात्री मुफ्त पुस्तकें पढ़ सकेंगे। वहीं प्लेटफार्म नंबर-एक पर विशाल वेटिंग हाल का निर्माण हो चुका है। इसमें टाइल्स लगाई जा चुकी है। रंगाई-पुताई का कार्य हो रहा है। वहीं प्लेटफॉर्म नंबर एक की छत पर फाल्स सीलिंग लगाई जा चुकी है। यहां पुराने वेटिंग रूम को आधुनिक स्वरूप दिया जा चुका है। वहीं 12 मीटर चौड़ा फुटओवरब्रिज का ढांचा तैयार हो गया है। अब आगे का कार्य किया जा रहा है। चार में से तीन गेट का ढांचा तैयार हो गया है। इसकी रंगाई-पुताई का कार्य होना शेष है। सदर स्टेशन से आने जाने वाले यात्री इस नए और बेहतर स्टेशन का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं। स्टेशन को देवरिया की जरुरतों और सांस्कृतिक महत्व से जोड़ने में सदर सांसद शशांक मणि की गहरी रुचि इसको नया रूप दे रही है।
जिले की सांस्कृतिक धरोहर की दिखेगी झलक
देवरही मंदिर, दुग्धेश्वरनाथ मंदिर, देवरहा बाबा स्थान की झलक समेत जिले की सांस्कृतिक धरोहरों को भित्ति चित्रों के माध्यम से प्रदर्शित किया जाएगा। इससे देवरिया के प्रवासी लोग जब अपने शहर में आएंगे तो उनके बच्चे भी इसकी महत्ता को जानेंगे और समझेंगे। इसके अलावा व्यावसायिक कार्यों और आजीविका के चलते शहर में आने जाने यात्री भी देवभूमि की पहचान से परिचित होंगे।
भटनी जंक्शन स्टेशन की भी बदल रही है सूरत
संवाद न्यूज एजेंसी
भटनी। भटनी जंक्शन रेलवे स्टेशन पर अमृत भारत योजना के तहत यात्री सुविधा बढ़ाने के कई कार्य चल रहे हैं। करीब 43 करोड़ की लागत से रेलवे स्टेशन को हाईटेक करने का कार्य 60 प्रतिशत तक पूरा हो चुका है। परियोजना के तहत बुकिंग ऑफिस के सामने भव्य पोर्च का निर्माण पूरा होने के करीब है। साथ ही पार्किंग एरिया का विस्तार कर लिया गया है। प्लेटफॉर्म संख्या-चार और पांच के उच्चीकरण कार्य पूरा हो गया है। एक, दो और तीन नंबर प्लेटफॉर्म पर काम अभी बाकी है। 12 मीटर चौड़े फुट ओवरब्रिज का सीमेंटेड बेस तैयार कर लिया गया। प्लेटफॉर्म नंबर-तीन पर आधुनिक शौचालय तैयार हो चुका है। प्लेटफॉर्म नंबर-दो पर शौचालय निर्माणाधीन है। वाहनों की पार्किंग एरिया का निर्माण पूरा हो गया है। स्टेशन पर दो आधुनिक डिजाइन के गेट बन गए हैं।
नया टिकट घर व फुट ओवरब्रिज से मिली सहूलियत
संवाद न्यूज एजेंसी
सलेमपुर। रेलवे स्टेशन पर यात्रियों की सुविधाएं लगातार बढ़ रही हैं। अमृत भारत योजना के तहत 15.12 करोड़ रुपये की लागत से रेलवे स्टेशन का कायाकल्प किया जा रहा है। नया टिकट घर और 12 मीटर चौड़ा फुट ओवरब्रिज बनकर तैयार हो गया है। नए पोर्च के निर्माण से स्टेशन का स्वरूप काफी बदल गया है, जबकि कुछ कार्य अभी भी प्रगति पर हैं। प्लेटफार्म नंबर-एक की लंबाई 150 मीटर बढ़ाने का कार्य चल रहा है, जिससे इसकी कुल लंबाई 560 मीटर हो जाएगी। इसके बाद लंबी बोगियों वाली ट्रेनें भी प्लेटफॉर्म नंबर एक पर रुक सकेंगी। प्लेटफार्म नंबर-दो के साथ तीसरा प्लेटफॉर्म भी तैयार किया जा रहा है। नया फुट ओवरब्रिज वर्तमान की तुलना में करीब चार गुना चौड़ा है, जिससे यात्रियों को प्लेटफॉर्म बदलने में अधिक सहूलियत मिल रही है। स्टेशन पर सर्कुलेटिंग एरिया, वेटिंग हॉल, दिव्यांगजन अनुकूल सुविधाएं, शौचालय, पार्किंग और सौर ऊर्जा आधारित पर्यावरण अनुकूल भवन सहित अन्य आधुनिक सुविधाओं का विस्तार किया जा रहा है।
संपर्क मार्ग, स्टेशन के नए पोर्च का भी होगा निर्माण
स्टेशन के संपर्क मार्ग, स्टेशन भवन के नए पोर्च का निर्माण, प्लेटफॉर्म शेड का विस्तार, सरफेस सुधार और लो-कॉस्ट पीपी शेड का निर्माण शामिल है। नया टिकट घर बनकर तैयार हो चुका है। इसके चालू होने के बाद पुराने टिकट घर को हटाया जाएगा। इससे सर्कुलेटिंग एरिया का विस्तार होगा। यात्रियों के लिए रेलवे परिसर में काफी जगह होगी। पहले के ऑटो टैक्सी पार्किंग स्टेड अब दूसरे जगह कर दिया गया है। पुराना टिकट घर व पुराना स्टैंड को हटाने काफी जगह सरकुलेटिंग एरिया के लिए हो जाएगी।