मौलवियों को शरण देना पड़ा महंगा, शिक्षक निलंबित
दिल्ली के शाहीन बाग से आए लोगों को घर में दी थी शरण
देवरिया। दिल्ली के शाहीन बाग से आए आठ लोगों को अपने घर में शरण देने पर भलुअनी विकास खंड के एक शिक्षक को भारी पड़ गया है। लॉकडाउन की स्थिति में असहयोग करने एवं सरकारी कर्मचारी आचरण नियमावली के खिलाफ व्यवहार करने पर बीएसए ने उन्हें निलंबित कर दिया है।
बीएसए प्रकाश नारायण श्रीवास्तव ने शुक्रवार को बताया कि खुंखुंदू थाना के इंस्पेक्टर मनोज यादव ने उक्त शिक्षक पर एफआईआर दर्ज कराया है। भलुअनी विकास खंड के ग्राम खजूरी निवासी एवं पूर्व माध्यमिक विद्यालय खुंखुंदू में सहायक अध्यापक समीउल्लाह के घर एक अप्रैल को आठ व्यक्ति दो कमरों में पाए गए। ये सभी छिपके रह रहे थे। शिक्षक ने जिला प्रशासन की अनुमति के बगैर इन्हें अपने घर में शरण दे दी। जबकि जिला प्रशासन ने बाहर से आए लोगों के लिए प्राथमिक पाठशाला, पंचायत भवन में बने क्वारंटीन वार्ड में रखने का सख्त निर्देश दे रखा है। प्रशासनिक आदेशों को न मानने एवं खुंखुंदू थाने में उनकी खिलाफ एफआईआर दर्ज होने पर उन्हें वैश्विक महामारी के रोकथाम के कार्य में बाधा डालने के आरोप में तत्काल प्रभाव से निलंबित किया जाता है।