धनतेरस और छोटी दिवाली के शुभ मुहूर्त में लोगों ने की जमकर खरीदारी
देवरिया। धनतेरस और छोटी दीवाली के शुभ लाभ मुहूर्त में शुक्रवार को भी बाजार गुलजार रहा। लक्ष्मी-गणेश की प्रतिमा, दीया, कोसा, मटका, इलेक्ट्रिक रंग-बिरंगे आकर्षक झालर, सजावटी सामान, पूजन सामग्रियों व मिष्ठान की दुकानों पर खरीदारी के लिए लोग प्रमुख बाजारों में उमड़े रहे। दो दिन धनतेरस होने से शाम तक बर्तन, आभूषण, कपड़े और वाहन एजेंसियों पर बुकिंग के लिए लोग देर शाम तक आते रहे। उधर, शहर में चीनी मिल ग्राउंड पर पटाखों की एक दर्जन से अधिक दुकानों पर बिक्री भी शुरू हो जाने से अभिभावकों के साथ आए बच्चों एवं युवाओं ने भी खूब खरीदारी की।
कोरोना संक्रमण काल में धनतेरस, दिवाली, भैया दूज जैसे त्योहारों ने मंदी की मार झेल रहे बाजार को ऊंचाइयां प्रदान की है। दो दिन शुभ मुहूर्त रहने से बर्तन, आभूषण, आटोमोबाइल व्यापारियों की चांदी रही। मालवीय रोड, छहमुखी चौराहे पर दिनभर जाम लगता रहा।
वाहन एजेंसी पर बुकिंग कराने वालों की रही भीड़
शुक्रवार देर शाम तक शहर की विभिन्न एजेंसियों पर वाहन की बुकिंग कराने के लिए लोग जमे रहे। आलम यह रहा कि मांग इतनी ज्यादा थी कारोबारियों के पास तय समय में देना भी संभव नहीं हो पाया। गणपति हीरो के रोहित छापड़िया ने बताया कि धनतेरस व छोटी दीवाली के शुभ मुहूर्त में अब तक एक हजार से अधिक वाहन बिके हैं, अब भी बुकिंग हो रही है। पूर्वांचल व पलक टीवीएस के मालिक नृपेेंद्र गुप्ता ने बताया कि दो दिन में 500 से अधिक वाहन बिक चुके हैं। राजश्री होंडा के सुजीत ने बताया कि शुक्रवार शाम तक 400 से अधिक बाइक बिक चुकी हैं। सुप्रीम मोटर के राजेश मिश्रा ने बताया कि लगातार दूसरे दिन भी बुलेट की बिक्री में तेजी रही। गणेश बजाज के प्रोपराइटर आकाश विश्वकर्मा ने कहा कि अब तक 500 से अधिक वाहन बिक गए हैं। जेल रोड के आशीष मोटर के दिलीप जायसवाल ने कहा कि दो दिन में 50 से अधिक वाहन बिके हैं। स्मार्ट ह्वील्स पुरवा चौराहा के मैनेजर राकेश दूबे ने बताया कि मांग के सापेक्ष वाहनों को समय से दे पाना संभव नहीं हो पाया। मां कृषि यंत्र हाटा रोड के प्रोपराइटर विवेक मल्ल ने बताया कि दो दिन में 15 ट्रैक्टर बिके हैं।
कई जगह लक्ष्मी प्रतिमा रखकर पूजन की हो रही तैयारी
देवरिया। शहर के विभिन्न मोहल्ले सहित जिले के ग्रामीण इलाकों में दीवाली पर लक्ष्मी प्रतिमा स्थापित कर पूजन की तैयारियां भी चलती रही। पूजन समिति से जुड़े लोगों ने प्रतिमाओं के लिए पहले से आर्डर दे रखा था, शुक्रवार को वह बाइक, ठेले, ई-रिक्शा आदि पर लादकर इसे ले गए। पूजन स्थल की साफ-सफाई कर युवा लक्ष्मी पूजन को विशेष बनाने की तैयारी में व्यस्त दिखे।
शुभ मुहूर्त में होगा लक्ष्मी पूजन
ज्योतिषाचार्य युगुल किशोर तिवारी व विवेक उपाध्याय ने बताया कि इस वर्ष अमावस्या 14 नवंबर, दिन शनिवार को दोपहर 1.49 बजे के बाद अपराह्न, सायाह्, प्रदोष, निशिथ और महानिशिथ व्यापिनी होगी। सूर्यास्त 5.24 बजे से लेकर रात्रि 8.06 बजे तक प्रदोष काल व्याप्त रहेगा। इसमें वृष स्थिर लग्न जो 7.29 बजे तक है, विशेष प्रशस्त रहेगा। वृष, लग्न, स्वाति नक्षत्र और लाभ की चौघड़िया होने व रहने से श्रीगणेश-लक्ष्मी पूजन के उत्तम समय है। इस काल में आश्रितों को भेंट एवं मिष्ठान बांटना शुभ होगा।