देवरिया। दोहरीघाट में सड़क हादसे में गोरखपुर के जिस विनय श्रीवास्तव और उनकी पत्नी व बेटे की मौत हुई है, वे मूल रूप से बरहज तहसील के ठाकुर देवरिया के रहने वाले थे।
विनय की पढ़ाई देवरिया शहर के संत विनोवा पीजी काॅलेज में हुई थी। पढ़ाई के दिनों के दोस्त उन्हें भोपाल जी कहकर बुलाते थे। अचानक हादसे में मौत की खबर से दोस्त मर्माहत हैं।
विनय के करीबी दोस्त कलेक्टर सिंह, मंधाता सिंह, राहुल शुक्ला, अनिल जायसवाल आदि उन्हें भोपाल जी कहकर बुलाते थे। दोस्तों ने बताया कि उन लोगों को भी रांची में हुई बिटिया की शादी में शामिल होने जाना था।
करीब 20 दिन पहले पति-पत्नी देवरिया आए थे। कलेक्टर सिंह के घर पहुंचकर बिटिया की शादी के लिए निमंत्रण दिया।
पुराने दोस्तों को याद किया और शादी में सबको रांची आने के लिए आमंत्रित किया।
परिवार के अन्य सदस्य दूसरी गाड़ी से थे : विवेक के बहनोई अरविंद श्रीवास्तव और रिश्तेदार प्रेमचंद्र श्रीवास्तव ने बताया कि घर में अगले महीने फिर से शादी है। रांची में शादी सकुशल संपन्न होने के बाद सब अगली तैयारी के लिए घर लौट रहे थे।
बिहार से लौटते समय रिश्तेदार और परिवार के अन्य सदस्य भी अलग-अलग गाड़ी से लौट रहे थे। हादसे की जानकारी शनिवार की सुबह में हुई।
चित्रगुप्त सभा ने जताई संवेदना : चित्रगुप्ता सभा के पदाधिकारियों ने इस हृदय विदारक हादसे पर गहरा शोक जताया है।
चित्रगुप्त मंदिर परिसर में हृदयानंद श्रीवास्तव की अध्यक्षता में शोक सभा कर श्रद्धांजलि अर्पित की गई। इस दौरान धनेश चंद्र श्रीवास्तव, गजेंद्र श्रीवास्तव, लालबाबू श्रीवास्तव, सुजीत श्रीवास्तव, विनय श्रीवास्तव, मनीष श्रीवास्तव, अखिलेश्वर श्रीवास्तव, चंद्रप्रकाश श्रीवास्तव आदि मौजूद रहे।