चनुकी। पशु तस्करों के पिकअप के आगे-आगे चल रही सफेद रंग की स्कॉर्पियों को रोकने में विफल मेहरौना पुलिस चौकी के चार सिपाहियों को एसपी ने शुक्रवार को लाइन हाजिर कर दिया। इस गाड़ी का पीछा एसओजी भी कर रही थी। पूर्व सूचना के बाद मेहरौना पुलिस चौकी के सिपाही इस गाड़ी को रोक नहीं पाए। बैरियर तोड़ते हुए गाड़ी बिहार प्रांत की सीमा में घुस गई थी।
जानकारी के अनुसार, बृहस्पतिवार की सुबह एक पिकअप गोवंश लेकर बिहार की तरफ जा रही थी। इसके आगे एक स्कॉर्पियो चल रही थी। बताया जा रहा है स्कॉर्पियो में सवार तस्कर पिकअप को लाइन क्लीयर दिला रहे थे। इसकी सूचना मिलने पर पुलिस के वरिष्ठ अफसरों ने बाॅर्डर इलाके के थानों और चौकियों पर अलर्ट मैसेज भेजा था।
एसओजी भी इस गाड़ी के पीछे लगी थी। इतनी सारी कवायद के बावजूद पशुओं से लदा पिकअप व इन्हें रास्ता दिखा रही पशु तस्करों की गाड़ी लार थाना क्षेत्र को पार कर गई। भाटपार रानी थाना क्षेत्र में पिकअप का पहिया पंक्चर हो जाने की वजह से तस्कर पिकअप को छोड़कर भाग निकले। पिकअप में 15 पशु लदे थे, जिन्हें भाटपार पुलिस ने मुक्त कराया।
वहीं जिस गाड़ी का पीछा एसओजी कर रही थी, वह पुलिस का बैरियर तोड़ते हुए बिहार की तरफ निकल गई। एसओजी ने बिहार के मैरवा तक पीछा किया, मगर गाड़ी को पकड़ा नहीं जा सका। इसके बाद अपर पुलिस अधीक्षक दक्षिणी सुनील कुमार सिंह और सीओ मनोज कुमार ने इलाके में पहुंच कर जांच की। पुलिस विभाग में चर्चा है कि जांच में मौके पर तैनात पुलिस कर्मी की लापरवाही सामने आई। इसके बाद एसपी ने ड्यूटी में तैनात रहे दिलीप, सुनील, रविंद्र व राम भुवन को लाइन हाजिर कर दिया है। एसओजी पशु तस्करों की खोजबीन में लगी है।
कोट
पशु तस्करी को रोकने के लिए पुलिस लगातार कार्रवाई कर रही है। पुलिस की घेराबंदी का ही असर है कि तस्करों को गाड़ी छोड़कर भागना पड़ा। व्यवस्था को चुस्त करने के लिए पुलिसकर्मियों के तबादला-तैनाती समेत अन्य सभी जरूरी कदम उठाए जा रहे हैं।
अभिजीत आर शंकर, एसपी देवरिया