देवरिया। थाना साइबर क्राइम पुलिस टीम ने एनसीआरपी और समन्वय पोर्टल पर प्राप्त संदिग्ध बैंक खातों की जांच के दौरान फर्जी बैंक खाते से खरीदने-बेचने एवं साइबर ठगी से अर्जित धनराशि के लेन-देन करने वाले गिरोह का सोमवार को पर्दाफाश किया है। पुलिस ने गिरोह के पांच गुर्गों को भी गिरफ्तार किया है।
गिरफ्तार गुर्गों के कब्जे से कब्जे से आठ मोबाइल, चार एटीएम कार्ड, सिम कार्ड, आधार कार्ड, पासबुक और 13,620 रुपये बरामद किए गए है। इनमें दो फर्जी आधार कार्ड है। पुलिस का कहना है कि फर्जी आधार कार्ड का प्रयोग बैंक खाते खुलवाने एवं पहचान छिपाने में किया जाता है।
एएसपी उत्तरी आनंद कुमार पांडेय ने बताया कि पकड़े गए आरोपियों अमित कुमार गौतम निवासी भटवलिया थाना कोतवाली देवरिया, सुजीत उर्फ मुन्ना निवासी भटवलिया थाना कोतवाली देवरिया, अभिज्ञान प्रकाश निवासी भटवलिया थाना कोतवाली देवरिया को गिरफ्तार किया गया है।
गौरव जायसवाल निवासी रामगुलाम टोला थाना कोतवाली देवरिया और आदर्श दूबे निवासी अमवा हीरामन दूबे थाना बघौचघाट को मुखबिर की सूचना पर रविवार की रात चीनी िमल ग्राउंड कोतवाली देवरिया के पास से गिरफ्तार किया गया। इन पर साइबर क्राइम की विभिन्न धाराओं में प्राथमिकी है।
एएसपी उत्तरी ने बताया कि एनसीआरपी एवं समन्वय पोर्टल पर प्राप्त संदिग्ध बैंक खातों के विरुद्ध विभिन्न थानों पर 17 साइबर शिकायतें दर्ज है।
आरोपियों से पूछताछ दौरान पता चला कि इन बैंक खातों में साइबर ठगी से प्राप्त धनराशि मंगाकर एटीएम एवं चेक के माध्यम से निकासी कर बैंक खातों के खरीदारी और, गिरोह के अन्य गुर्गों को रकम उपलब्ध कराते थे। इस अवैध लेन-देन के बदले आर्थिक लाभ अर्जित करते थे।