देवरिया। मां विंध्यवासिनी महिला प्रशिक्षण एवं समाज सेवा संस्थान की गिरिजा त्रिपाठी ने सोमवार को प्रेसवार्ता के दौरान बताया कि बाल गृह बालिका केस के मामले में पांच बिंदुओं पर सूचना मांगी गई थी। आशा ज्योति केंद्र से मांगी सूचना में असमर्थता जताई गई है। इसके कारण 25 हजार रुपये का अर्थदंड लगाया गया है। उन्होंने पुरानी घटनाओं का जिक्र करते हुए कहा कि बाल गृह बालिका कांड में तत्कालीन एसपी के खिलाफ जांच पूरी हो गई है। इसमें प्रतिकूल प्रविष्टि शासन स्तर से प्रेषित भी किया गया है। उन्होंने मांग किया है कि पांच वर्ष से जिले में कोई बालिका गृह शिशु विशेषज्ञ, दत्तक ग्रहण इकाई एवं स्वधार गृह का संचालन किसी संस्था द्वारा नहीं किया जा रहा है, जिसके कारण महिलाओं, बच्चों, बालक, बालिका का मामला सामने आने पर आवासीय व्यवस्था नहीं हो पा रही है। इसकी स्थापना के लिए शासन को पहल करनी चाहिए। संवाद