इकलौते बेटे को दुबई से आए पिता ने दी मिट़टी
बेटे को दुबई बुलाना चाहते थे कादिर
पांच बहन और मां का रो-रोकर बुरा हाल
संवाद न्यूज एजेंसी
रुद्रपुर। भाटपाररानी सड़क हादसे में गाड़ी के चालक अरशद की मौत से उसके पिता कादिर के परिवार का इकलौता चिराग बुझ गया। दुबई में कमाने गए पिता को बेटे की मौत की खबर मिलने पर वह तत्काल घर के लिए निकल पड़े। मंगलवार दोपहर बाद पिता ने अपने इकलौते बेटे को मिट्टी दी, तो वह फफक कर रो पड़े। बेटे की कब्र से लिपट कर पिता को रोते देख मौजूद लोगों की आंखें भर आईं। अमौनी खास गांव का रहने वाला अरशद प्राइवेट वाहन चलाकर परिवार का आर्थिक सहयोग करता था। अरशद के पिता कादिर खान सऊदी अरब में कमाते हैं। अरशद के परिवार में मां शादरा खातून और बहन काजल, नाजो, मनीषा, बिट्टू और सिट्टू हैं। तीन बहनों का निकाह हो चुका है। सोमवार को हुए हादसे में अरशद की मौत हो गई। पिता इकलौते बेटे को खोकर बदहवास की स्थिति में गांव पहुंचे। कफन में लिपटे बेटे को देख वह बेहोश हो गए। वहां मौजूद लोगों ने पिता को ढांढस बंधाया और कब्रिस्तान पर रस्म अदायगी के लिए ले गए। कादिर के अनुसार वह बेटे अरशद को दुबई में ही गाड़ी चलाने के लिए जल्द बुलाने की तैयारी कर रहे थे। वह बेटे का निकाह कर दुबई में नौकरी लगवाने के लिए प्रयास कर रहे थे, लेकिन हादसे में बेटे की जान चली गई। कादिर के परिवार में उनकी पत्नी ने इकलौते बेटे और पांच बेटियां, भाई को खोकर बदहवास स्थिति में थीं।