भटनी (देवरिया)। नगर के नूरीगंज बाजार स्थित चीनी मिल के गेट पर ईडी ( प्रवर्तन निदेशालय) की तरफ से नोटिस चस्पा कर कब्जे का दावा किया गया है। चीनी मिल पर प्रवर्तन निदेशालय लखनऊ की ओर से कब्जा, जांच और कार्रवाई की बात कही गई है। हालांकि जिला प्रशासन ऐसी किसी कार्रवाई से अनिभिज्ञता जता रहा है। नुरीगंज बाजार में चीनी मिल से यहां के किसान खुशहाल थे। स्थानीय लोग बड़ी संख्या में इसमें नौकरी करते थे। वर्ष 2007 में बसपा की सरकार बनने पर मिल को घाटे में होने की बात कहकर बंद कर दिया गया। बाद में 2011 में सरकार ने महज पौने पांच करोड़ में इस मिल को हनीवेल शुगर्स प्राइवेट लिमिटेड को बेच दिया। इसको लेकर स्थानीय किसानों और लोगों ने कई साल तक आंदोलन किया।
लोगों का आरोप है कि मिल के उपकरण की कीमत 10 करोड़ से ऊपर की थी, मिल के पास 52 बीघा जमीन भी था। इस मामले में पूर्व चेयरमैन रमेश चंद्र वर्मा और पूर्व सभासद पवन मद्धेशिया ने हाईकोर्ट प्रयागराज में रिट भी दाखिल किया था। अब उसी प्रकरण को लेकर ईडी की लखनऊ शाखा के सक्रिय होने की चर्चा तेज हो गई है।
ईडी द्वारा मिल परिसर में नोटिस चस्पा कर मामले को अपने कब्जे में लेकर जांच शुरू किए जाने की बात कही जा रही है। हालांकि इस संबंध में अभी तक कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।