देसही देवरिया। हरखौली गांव का एक युवक रविवार की देर शाम को करौंदी गांव के पास एक पुलिया पर अचेतावस्था में मिला। एक राहगीर ने उसकी पहचान कर परिजनों को जानकारी दी। गोरखपुर मेडिकल कॉलेज में सोमवार की सुबह इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। परिजनों ने हत्या का आरोप लगाया है।
महुआडीह थानाक्षेत्र के हरखौली गांव के संत पांडेय (19) रविवार को किसी काम से साइकिल से कहीं गए थे। रात आठ बजे के करीब किसी राहगीर ने संत के घर जाकर बताया कि वह करौंदी गांव के बाहर पुल पर गंभीरावस्था में घायल पड़े हुए हैं। घर के लोग वहां पहुंच कर देखे तो संत बेसुध पड़े थे। उन्हें लेकर कुशीनगर के हाटा पीएचसी ले जाया गया। वहां गंभीर हालत देख डॉक्टरों ने गोरखपुर मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया। वहां सोमवार की सुबह इलाज के दौरान संत की मौत हो गई।
सूचना पर पहुंची पुलिस ने आवश्यक कार्रवाई कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। उधर, इस बात की जानकारी होते ही घर में चीख-पुकार मच गई। मृतक चार भाइयों में सबसे छोटा था। परिजनों का आरोप है कि कुछ लोगों ने संत पर जानलेवा हमला कर दिया और उसे मरा समझ कर छोड़कर भाग गए। बताया जा रहा है कि संत की माली हालत ठीक नहीं थी। क्षेत्र में भजन-कीर्तन कर अपना जीवन यापन कर रहे थे। एसओ महुआडीह नवीन चौधरी ने बताया कि उन्हें इस मामले की कोई जानकारी नहीं है। पता करा रहा हूं।