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Deoria News: बहू के बच्चे को सास और सौतेले ससुर ने आशा को था बेचा, बच्चा बरामद

Wed, 15 Nov 2023 11:47 PM IST
गोरखपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, देवरिया
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बच्चा चाेरी के मामले में अनोखी के गांव में जांच करने पहुंची पुलिस।संवाद
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सख्ती से पूछताछ के बाद ससुर ने खोला राज, पुलिस ने लिया हिरासत में, आशा कार्यकर्ता की हो रही तलाश
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जन्म के दो दिन बाद बेच दिया गया था बच्चा, कुशीनगर से आशा कार्यकर्ता के एक करीबी के यहां था बच्चा
संवाद न्यूज एजेंसी
देवरिया। सास और सौतेले ससुर ने गांव की आशा कार्यकर्ता से बहू के बच्चे को बेचा दिया था। पुलिस की जांच में बच्चा खरीद फरोख्त की पुष्टि हो गई है। आशा कार्यकर्ता के कुशीनगर के रहने वाले रिश्तेदार के यहां से पुलिस ने बच्चे को बरामद कर लिया है। हालांकि पुलिस बच्चे के बरामदगी से अभी इंकार कर रही है। ससुर समेत चार लोगों को हिरासत में लेकर पुलिस मामले की जांच कर रही है। पूरे दिन पीड़ित महिला अपने पति के साथ महुआडीह थाने में जमी रही। देर रात को पहुंचे सीओ सिटी हिरासत में लिए गए आरोपियों से पूछताछ किए। पुलिस बच्चे का खरीद फरोख्त के मामले के तह तक पहुंच चुकी है।
महुआडीह थानाक्षेत्र के रामपुर दुबे गांव के पकड़डीहवां टोला की अनोखी देवी ने 13 नवंबर को पुलिस को तहरीर देकर सास, ससुर और अजिया सास पर अपने नवजात बच्चे को गांव की एक आशा के हाथों चार लाख रुपये में बेचने का आरोप लगाई। मंगलवार को महुआडीह पुलिस ने दोनों पक्ष को थाने पर बुलाकर पंचायत की। पंचायत में आशा कार्यकर्ता ने बताया कि कुशीनगर के उसकी बहन ने बच्चा पालने के लिए दिया है। यह बच्चा अनोखी का नहीं है, जबकि अनोखी आशा कार्यकर्ता के पास मौजूद बच्चे को अपना होने का दावा कर रही थी। कोई हल नहीं निकलने पर महुआडीह पुलिस ने सदर कोतवाली का मामला बताकर अपना पल्ला झाड़ लिया था। सदर कोतवाली पहुंची महिला की शिकायत पर पुलिस ने जांच की तो करीब 50 दिन पूर्व महर्षि देवरहा बाबा मेडिकल कॉलेज से अनोखी का प्रसव हुआ था और बच्चे के साथ अनोखी डिस्चार्ज हुई थी। एसपी ने मामले को गंभीरता से लिया और सीओ सिटी श्रीयश त्रिपाठी को जांच का निर्देश दिया। जांच में पहुंचे सीओ सिटी को अनोखी का सौतेले ससुर ने बताया कि अस्पताल से घर आने पर बच्चे की तबीयत बिगड़ गई। इलाज के लिए उसे मेडिकल कॉलेज ले गए,जहां उसकी मौत हो गई और देवरिया के कुर्ना नाले के किनारे उसे दफना दिया। मंगलवार की रात को ससुर को लेकर पुलिस कुर्ना नाले पर पहुंची। बताए गए स्थान पर बच्चा नहीं दफनाया गया था। पूरी रात पुलिस को झूठी बातों में आरोपी ससुर पुलिस को उलझाए रखा। बुधवार को पुलिस ने सख्ती से पेश आई तो ससुर ने बच्चा बेचने की कहानी उगल दिया। पुलिस ने बेचे गए बच्चे को कुशीनगर जिले के फाजिलनगर की रहने वाली आशा कार्यकर्ता के एक रिश्तेदार के यहां से कब्जे में ले लिया है। इस मामले में पुलिस ने चार लोगों हिरासत में लिया है। पुलिस घटना के तह में पहुंच चुकी है। घटना का जल्द खुलासा कर सकती है।
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वर्जन
बच्चे की खरीद फरोख्त करने वाले चार लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। सास, ससुर, आशा कार्यकर्ता और इसके रिश्तेदार से मामला जुड़ा है। बेचा गया बच्चा कुशीनगर जिले में था। उसे सुरक्षित रखवा दिया गया है। पीड़ित की तहरीर पर केस दर्ज किया जा रहा है।
-संकल्प शर्मा एसपी



पूरी रात गांव से लेकर थाने तक ससुर को लेकर दौड़ती रही पुलिस
-महुआडीह पुलिस की लापरवाही सामने आई तो एसपी ने पेंच कसा। सक्रिय हुई पुलिस पूरी रात आरोपी ससुर को लेकर गांव से थाने तक दौड़ती रही। गांव के प्रधान समेत कई लोगों से पुलिस इस मामले में पूछताछ भी की। मंगलवार को रात करीब 2 बजे तक पुलिस गांव में जमी रही। खुद को फंसता देख ससुर ने बच्चा बेचने की हकीकत पुलिस को बताई तो सभी दंग रह गए। पुलिस ने बुधवार को बच्चे को कब्जे में ले लिया।
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बेटे की पिटाई के बाद पिता ने खोला था राज
अनोखी और उसका पति चंदन यह मान चुके थे कि उसके बेटे की वास्तव में मौत हो चुकी है। उसके बाद परिवार में विवाद होने पर पति और पत्नी रोजी रोटी की तलाश में पंजाब चले गए। बाद में किसी तरह पता चला कि गांव की आशा कार्यकर्ता के पास जो बच्चा है वही है। सौतेले ससुर ने बच्चे की मौत की झूठी जानकारी दिया है। पति चंदन अपने भाई के साथ अनोखी घर पहुंची और बच्चे के बारे में ससुर से पूछा। टाल मटोल करने पर पति-पत्नी मिलकर ससुर की पिटाई किए तो ससुर ने बच्चे को आशा कार्यकर्ता से बेचने की बात कही। इसके बाद सोमवार को अनोखी महुआडीह थाने पर पहुंच कर पुलिस को तहरीर दिया।
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महुआडीह इंस्पेक्टर को झूठ का पाठ पढ़ा दी थी आशा
-आशा पर बच्चा खरीदने का जब अनोखी ने आरोप लगाया तो पुलिस महुआडीह थाने पर बुलाई। आशा अपनी भाभी को बहन बनाकर थाने ले गई और बहन का बच्चा होने का दावा पुलिस से किया। आशा कार्यकर्ता के भाभी का बच्चा कुशीनगर के फाजिलनगर कस्बा के एक निजी अस्पताल में हुआ था। जांच में महुआडीह इंस्पेक्टर फाजिलनगर कस्बा के निजी अस्पताल में गए तो महिलाएं के बताए गए तिथि पर प्रसव हुआ था, लेकिन सीओ सिटी की जांच में आशा की झूठ पकड़ी गई और बेचे गए बच्चा पुलिस के हाथ लगा।
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