रुद्रपुर। नगर सहित ग्रामीण क्षेत्रों में रसोई गैस सिलिंडर की किल्लत कम होने का नाम नहीं ले रहा। घर के चूल्हे से लेकर शादी समारोह में भोजन पकाने के लिए सिलिंडर के लिए लोग अधिकारी के दफ्तर से लेकर जनप्रतिनिधियों की चौखट तक गुहार लगा रहे है, पर कोई असर नहीं दिख रहा।
क्षेत्र के गैस एजेंसियों पर करीब 10 हजार बैकलॉग है। मंगलवार को तीन के बजाय सिर्फ एक गाड़ी सिलिंडर पहुंचने पर हाहाकार मच गया। यहां लोगों को बुकिंग के 20 दिन बाद भी सिलिंडर नहीं मिल पाया है।
नगर में सुनीता इंडेन गैस एजेंसी से होम डिलिवरी होती है। मोहल्ले में होम डिलिवरी की गाड़ी देख अराजकता का माहौल बन जा रहा। घरों से महिलाओं को निकल सिलिंडर के लिए नोकझोंक करना पड़ रहा है।
शादी समारोह वाले घरों में शादी कॉर्ड के साथ एसडीएम ऑफिस से जिला पूर्ति अधिकारी के यहां चक्कर काट कर थक चुके लोग अब कोयला, लकड़ी के सहारे बैठे है।
सुबह जनप्रतिनिधियों के दरवाजे पर भी सिलिंडर का जुगाड़ लगाने पहुंचे लोगों को भी निराशा मिल रही। मंगलवार को मदनपुर गैस गोदाम पर पहुंचे लोग निराश होकर लौट गए। नगर के बस स्टेशन एजेंसी ऑफिस पर उपभोक्ता और कर्मचारियों में होम डिलीवरी के लिए नोंकझोंक हुई। मौके पर मौजूद लोगों ने बीच-बचाव कर शांत कराया।
मनिहरपुर की ब्रह्मवती देवी ने बताया कि 14 मई को उनके घर पर बेटी की शादी है। वह सिलिंडर के लिए पासबुक और शादी कार्ड लेकर तहसील से लेकर गैस गोदाम पर चक्कर काट रही, अब तक एक भी सिलिंडर नहीं मिल पाया। पासबुक की केवाईसी अपडेट नहीं हुई है।
डॉ. सतीश जायसवाल ने कहा कि डीएसी कोड आने के दो सप्ताह बाद भी सिलिंडर नहीं मिल पा रहा है। एजेंसी जाने पर कर्मचारी ठीक से जवाब तक नहीं देते।