बघौचघाट। हेमा के कत्ल की मुक्कमल तैयारी थी। राजदार भी गांव का बताया जा रहा है। शक की सुई अपनों पर धूम रही है, जिन पर हेमा को काफी भरोसा था। गला कटने के बाद भी पुलिस पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार कर रही है। सूत्रों का दावा है कि हत्या से पहले हो सकता है कि महिला का गला दबाया गया हो। यदि यह बात सही निकली तो पुलिस की जांच यू टर्न ले लेगी।
जल्द ही रहस्य से पर्दा भी उठा जाएगा। पुलिस ने जिन लोगों का बयान लिया है उनमें काफी विरोधाभास है। बुधवार की रात हेमा जब मायके से बाहर निकली तो उसके पास करीब ढाई हजार रुपये थे। यह बात भाई मुन्ना यादव और पिता रामेश्वर ने एसपी को बताया। लेकिन मौके से रुपये नहीं मिले। पिता ने बताया कि जब हेमा देर रात तक घर नहीं लौटी तो शंका हुआ कहीं ससुराल तो नहीं चली गई। पुलिस को यह बात गले नहीं उतर रही है। क्योंकि हेमा के घर नहीं लौटने पर खोजबीन की कोई जानकारी गांववालों के पास नहीं है।
दावा तो यह भी है कि हेमा ने जो कपड़े पहन रखे थे वह रोजमर्रा प्रयोग होने वाले थे। उसके पास सामान नहीं था, बेटी घर पर थी। आखिर अचानक वह मायके क्यों जाएगी। पुलिस सवालों के जवाब तलाश रही है। घटना स्थल पर खून कम मिले हैं। महिला के शरीर पर मिट्टी भी नहीं लगी है। जिस जगह पर महिला का शव है वहां कोई अंजान व्यक्ति नहीं पहुंच सकता।