फर्जी वोट डालने को लेकर कई बूथों पर समर्थक और प्रत्याशियों के बीच मारपीट और झड़प हुई। कई बूथों पर मामला बढ़ता देख पुलिस ने लाठी भांजकर लोगों को शांत कराया और बूथों के पास मौजूद लोगों को खदेड़ा। चुनावी रंजिश में अलग-अलग हुई मारपीट की घटनाओं में छह से अधिक लोगों को चोटें आईं हैं। लार के चौमुखा गांव निवासी रामबहादुर अपनी मां को वोट डलवाने के लिए दोपहर में बूथ पर ले जा रहे थे। आरोप है कि रास्ते में प्रधान पद के एक प्रत्याशी के समर्थकों ने रोक कर अपने पक्ष में वोट देने के लिए दबाव बनाया। इंकार करने पर उनकी पिटाई कर दी। बीच बचाव करने आए रामबहादुर के बेटे एकलव्य (25) को भी पीट दिया। मारपीट के दौरान धारदार हथियार चलने से रामबहादुर और बेटे एकलव्य का सिर फट गया। इस दौरान एक युवती को भी चोट लगी। मईल के बलहा बूथ मतदान को लेकर दो प्रत्याशियों के समर्थक आमने-सामने हो गए। इससे वोट देने के लिए कतार में खड़े वोटरों में अफरा-तफरी मच गई। पीठासीन अधिकारी की सूचना पर पहुंची पुलिस ने लाठी भांजकर बूथ के पास जमे समर्थकों को खदेड़ा। इसके चलते करीब बीस मिनट तक मतदान प्रभावित रहा। इसके अलावा लार के चुरिया, मेहरौना, हरखौली, सहजौर, चोरडीहा, उकिना, बरडीहा परशुराम, पिंडी, नदौली, इशारू गांव के बूथों पर फर्जी मतदान और नाबालिग वोटरों को लेकर हंगामा और पीठासीन अधिकारी से नोंकझोंक हुई। पुलिस की सक्रियता की वजह से कई बूथों पर विवाद होने से बाल-बाल बचा।