कोतवाली पुलिस अपनी कारगुजारियों को लेकर अक्सर चर्चा में बनी रहती है। तहरीर देने कोतवाली पहुंचे दुकानदार को पुलिस ने उल्टे हवालात में बंद कर दिया, जबकि दुकानदार की पिटाई करने वालों पर कोई कार्रवाई नहीं की है। पुलिस की इस कार्यशैली को लेकर लोगों में रोष है। नगर के पिपरा नाजिर वार्ड निवासी पुरूषोत्तम साहनी बस स्टैंड पर सैलून की दुकान चलाता है। रविवार की रात दुकान बंद कर घर जा रहा था। पुरानी एलआईसी गली में कुछ लोगों ने घेरकर उसकी पिटाई कर दी। पीड़ित दुकानदार ने इसकी सूचना पुलिस को दी। पुलिस ने अगले दिन आने की बात कही। दूसरे दिन दुकानदार जब कोतवाली पहुंचा तो इंस्पेक्टर से मुलाकात नहीं हुई। घायल दुकानदार ने अपना इलाज सीएचसी पर कराया। बुधवार को डॉक्टर ने एक्स-रे कराने के लिए जिला अस्पताल रेफर कर दिया। जिला अस्पताल जाने से पूर्व दुकानदार दुबारा कोतवाली पहुंचा और पुलिस को तहरीर देकर कार्रवाई की मांग की। तहरीर पढ़ने के बाद इंस्पेक्टर दुकानदार पर झल्ला उठे और हवालात में डाल दिया, जबकि डॉक्टर ने एक्स-रे के लिए उसे जिला अस्पताल रेफर किया है। इस बाबत इंस्पेक्टर रामअवतार यादव ने बताया कि दुकानदार जिन लोगों पर मारने पीटने का आरोप लगा रहा है। उस पक्ष के भी एक व्यक्ति को बंद किया गया है। तीन दिन पुराना मामला होने के कारण इसकी जांच की जा रही है।