बैंक में पैसा जमा कराने के लिए लाइन में लगे लोग
देवरिया। जनधन योजना के तहत खुले बैंक खातों पर आयकर विभाग की नजर है। खासकर वे खाते, जिनमें हाल के दिनों में बड़े ट्रांजेक्शन हुए हैं। विभाग को यह आशंका है कि नोट बैन के फैसले के बाद कालेधन को सफेद बनाने में इन बैंक खातों का प्रयोग किया जा रहा है।
सूत्रों की मानें तो कालेधन को सफेद बनाने के लिए बाकायदा साइबर एक्सपर्ट्स की टीम भी काम कर रही है। ये लोग ऐसे बैंक खातों की तलाश कर रहे हैं, जिसमें रुपये जमा करवा सकें। आयकर विभाग के एक अधिकारी ने नाम नहीं छापने की शर्त पर बताया कि हां, हम जनधन योजना में खोले गए खातों की मानीटरिंग कर रहे हैं। बैंक के अधिकारियों से भी कहा गया है कि किसी भी ऐसे खातों में बड़ी रकम जमा होती है तो उसकी सूचना आयकर विभाग को दें।
विभाग बैंकों से बराबर इस बात की रिपोर्ट भी ले रहा है कि कौन बड़ी रकम जमा कर रहा है। उन्होंने माना कि जनधन योजना के खातों के जरिए कालाधन को सफेद करने का खेल चल रहा है। यह खेल छोटे शहरों में आसानी से हो सकता है क्योंकि यहां बड़ी तादात में मजदूर वर्ग के लोग रहते हैं। मनरेगा जॉबकार्ड धारकों को भी लालच देकर कालाधन सफेद बनाने की कोशिश की जा रही है।
इसके अलावा सरकार ने 50 हजार तक की लिमिट जनधन खातों में तय की है। हालांकि किसी भी खातों में कोई बड़ी रकम जमा होती है तो उसके पहले का ट्रांजेक्शन भी देखा जाएगा।