देवरिया। जिला पंचायत अध्यक्ष रामप्रवेश यादव उर्फ बबलू ने रसूख के दम पर 10 करोड़ से अधिक की संपत्ति का बैनामा महज 10 लाख रुपये के स्टांप पर करा लिया था। दलील दी गई थी कि रुपये उपलब्ध होते ही बकाया मूल्य (करीब 68.75 लाख) के स्टांप लगा दिए जाएंगे। हालांकि स्टांप की कमी के कारण पंजीयन पूरा नहीं हो पाया था। मामला सुर्खियों में पहुंचने के बाद आनन-फानन में स्टांप एक्ट के तहत सहायक आयुक्त स्टांप ने केस दर्ज करा दिया है। स्टांप के बकाया रकम की वसूली भी की जाएगी। पांच बैनामा में तीन व्यावसायिक और दो कृषि योग्य भूमि शामिल हैं।
देवरिया खास निवासी दीपक मणि उर्फ पीयूष मणि त्रिपाठी का अपहरण कर 10 करोड़ से अधिक की जमीन बैनामा कराने का मामला शुक्रवार को भी सुर्खियों में रहा। विभागीय सूत्रों के मुताबिक पांच जमीनों के बैनामे में सिर्फ 10.50 लाख रुपये का स्टांप लगाया गया था, जबकि कुल 79.26 लाख का स्टांप होना चाहिए। बैनामा के वक्त अभिलेखों में दर्शाया गया कि स्टांप की बकाया रकम बाद में जमा कर दिया जाएगा। बकाया रकम जमा करते ही बैनामा पंजीकृत हो जाएगा। नियमानुसार ऐसा नहीं हो सकता, मगर यहां विशेष मेहरबानी बरती गई। लिहाजा इस पूरे प्रकरण में उप निबंधन कार्यालय में तैनात कर्मचारियों और अफसरों की भूमिका सवालों के घेरे में है।
सहायक महानिरीक्षक निबंधन एवं सहायक आयुक्त स्टांप डॉ. राधाकृष्ण मिश्र ने गुरुवार को बैनामा की पांचों जमीनों का स्थलीय सत्यापन किया। इसमें देवरिया खास में दो आवासीय भवन सहित भरौली बाजार, रघवापुर और बांस देवरिया में एक-एक भूमि शामिल है। सबसे अधिक कीमती भूमि चीनी मिल गेट के पास 12 कट्ठे की जमीन है। इसके बैनामे में करीब 32 लाख का स्टांप कम लगा है। एक प्लॉट में सागौन का पेड़ लगाया गया है, जो बैनामा के अभिलेख में दर्शाया नहीं गया है। ऐसी कई अन्य कमियां उजागर हुई हैं। इसकी विभागीय जांच शुरू हो गई है। सहायक महानिरीक्षक निबंधन एवं सहायक आयुक्त स्टांप डॉ. राधाकृष्ण मिश्र ने बताया कि जमीन बैनामा के दौरान कम स्टांप लगाया गया है। स्टांप एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज हो गया है। किस कोर्ट में मुकदमा चलेगा, यह डीएम तय करेंगे।
सब रजिस्ट्रार समेत दो से मांगा स्पष्टीकरण
अपहरण कर जमीन बैनामा कराने के मामले में सब रजिस्ट्रार फूलचंद्र यादव और बैनामा के दिन ड्यूटी पर तैनात प्रभारी सब रजिस्ट्रार सोमनाथ राव की भूमिका विभागीय अफसरों ने भी संदिग्ध माना है। सहायक आयुक्त ने बैनामा के दिन ड्यूटी पर मौजूद सोमनाथ राव और सब रजिस्ट्रार को नोटिस जारी कर स्पष्टीकरण मांगा है।