भरटोला वार्ड में पानी के लिए सरकारी नल पर लगी भीड़।
रहिमन पानी राखिए बिन पानी सब सून। रहीम कवि की यह लाइन रुद्नपुर नगर पंचायत के जिम्मेदारों के सटीक है। नगर में तीन माह से गहराए पेयजल संकट को दूर करने के लिए जिम्मेदारों की आंख का पानी मरता नजर आ रहा है। उपनगर में भू जल स्तर सामान्य से काफी नीचे चले जाने से लोगों को पानी की बूंद-बूंद के लिए तरसना पड़ रहा है।
नगर पंचायत में करोड़ों रुपयें की लागत से बना ओवर हेड़ टैंक महज नुमाइशी साबित हो रहा है। उपनगर में पेयजल का संकट इस कदर बढ़ता चला जा रहा है कि लोगों को पानी के लिए लाइन लगानी पड़ रही है। उल्लेखनीय है कि उपनगर में पेय जल का संकट पिछले तीन साल से बना हुआ है। इन तीन वर्षों में भूजल स्तर करीब 25 फीट गिरने के कारण नगर में 75 प्रतिशत हैंड पंप सूख चुके हैं। पानी के लिए आदमियों के साथ जानवरों को भी तड़पना पड़ रहा है।
रविवार को अमर उजाला की टीम ने पेयजल संकट को लेकर भरटोला वार्ड का निरीक्षण किया। इस दौरान एक सरकारी इंडिया मार्का हैंड पंप पर लोग पानी भरने के लाइन लगाए खड़े थे। यहां मुहल्ले के सभी नल सूख गए हैं। पांच हजार की आबादी वाले वार्ड में दो चार नलों से पानी आ रहा है।
मुहल्लावासी चंद्रिका लोहार, गिरधारी गुप्ता, गणेश विश्वकर्मा, मुन्ना, ओमप्रकाश गोड़, मुन्नी देवी आदि ने कहा कि नगर पंचायत पेय जल की समस्या को लेकर बेफ्रिक है। यहां पानी के लिए लोग और पशु-पक्षी भी तरस रहे हैं। करोड़ों रुपये की लागत से बना ओवर हेड टैंक जनता को कोई राहत नहीं दे पा रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि जल संकट को लेकर यदि प्रशासन जागरुक नहीं हुआ तो जनता को सड़क पर उतरना पड़ेगा।
इस बाबत नगर पंचायत रुद्रपुर के अध्यक्ष छट्ठे लाल निगम ने कहा कि नगर में पेय जल की समस्या से निजात दिलाने का भरपूर प्रयास किया जा रहा है। जल निगम की लापरवाही से ओवर हेड टैंक से जलापूर्ति नहीं हो पा रही हैै। नगर पंचायत इंडिया मार्का हैंड की मरम्मत और रिबोर कराने का पूरा प्रयास कर रही है।