सिपाही की मौत पर रोते बिलखते परिजन।
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सड़क हादसे में सरांव बुजुर्ग के सिपाही की मौत, अयोध्या में तैनात थे
एकौना। थाना क्षेत्र के सरांव बुजुर्ग गांव निवासी 24 वर्षीय सिपाही की शनिवार की शाम हाईवे पर हादसे में मौत हो गई। अयोध्या में तैनात सिपाही बाइक से घर आ रहे थे। रास्ते में सहजनवां के पास उनकी बाइक ट्रक की चपेट में आ गई। वह हेलमेट पहने थे लेकिन, पहिया के नीचे आने से उनकी घटना स्थल पर ही मौत हो गई।
सरांव बुजुर्ग निवासी बांके चौहान का बेटा राममुरारी यूपी पुलिस में सिपाही थे। वह तीन साल से अयोध्या में तैनात थे। शनिवार की शाम बाइक से घर आ रहे थे। हाईवे पर सहजनवां के पास गायघाट टोल प्लाजा के निकट पीछे से आ रहे ट्रक की चपेट में आ गए। वह बाइक से गिरे तो ट्रक के नीचे चले गए। ट्रक का पिछला पहिया उनके सीने से गुजर गया। घटना स्थल पर ही उनकी मौत हो गई। राहगीरों ने आई कार्ड से घटना की सूचना पुलिस महकमे और मृतक के परिवार को दी। रविवार की सुबह घर शव पहुंचा तो परिवार में कोहराम मच गया। मृतक की दिसंबर में शादी तय थी। वह छुट्टी लेकर शादी की तैयारी के लिए घर आ रहे थे। बेटे की मौत से पिता बांके चौहान का रो-रोकर बुरा हाल है। उनके तीन लड़कों में राममुरारी सबसे छोटे थे। जिस बेटे की सिर पर सेहरा बांधने की परिवार में तैयारी चल रही थी उसका शव दरवाजे पर आते ही पूरा कुनबा फफक कर रोने लगा। पत्नी को पहले ही खो चुके मृतक सिपाही के पिता अब होनहार बेटे को खोकर पूरी तरह टूट चुके हैं। श्मशान घाट पर उनके आंखों से आंसुओं की धार नहीं रुक रही थी।
युवाओं के प्रेरणास्रोत रहे राममुरारी
एकौना। सिपाही भर्ती और विभिन्न आर्म्ड फोर्स में जाने की तैयारी करने वाले गांव के युवकों के लिए राममूरारी प्रेरणा श्रोत रहें। उनके दिशा निर्देश में तैयारी कर गांव के तीन युवक भी सिपाही में भर्ती हो गए। वह छुट्टी पर आने के बाद गांव में भर्ती की तैयारी कर रहे युवकों को टिप्स दिया करते थे। उनके निधन पर गांव के युवकों में शोक की लहर है। सिपाही की अंतिम यात्रा में गांव वालों की भारी भीड़ उमड़ी। इस अवसर पर एकौना पुलिस ने उन्हें गारद की सलामी दी। संवेदना जताने वालों में प्रदीप यादव, सिकंदर यादव, सुनील शुक्ला, हृदयनारायण शुक्ला, विजय यादव, रामेश्वर पाल आदि रहे।