विदेश में कंपनी बंद हुई तो आ गए घर, पहली बार किया मतदान
पैकौली (देवरिया)। सदर विधानसभा के उपचुनाव में ऐसे भी मतदाता शामिल हुए, जो विदेश में रहकर कमाते हैं। कोरोना के चलते कंपनी बंद होने के बाद लॉकडाउन के दौरान घर आए हुए हैं। विदेश में रहने के दौरान यह लोग बीते कई चुनाव में भाग नहीं ले पाए। मौका मिला तो पहली बार उपचुनाव में ही जोश के साथ मतदान किया।
सदर विकास खंड के छितरुआ ग्रामसभा के कमलेश कुमार (32 वर्ष) काफी दिनों से रूस में निजी कंपनी में कार्य करते हैं। कोरोना के चलते कंपनी बंद हो गई तो 20 दिन पहले ही वापस घर चले आए। प्राथमिक विद्यालय छितरुआ में मतदान करने के बाद कहा कि काफी सालों बाद अपने देश में मतदान करने का मौका मिला। ग्रामसभा, लोकसभा, विधानसभा के पिछले चुनावों में वह बाहर रहने के चलते वोट नहीं दे पाए, इस बार घर पर ही थे तो यह अच्छा अवसर मिला अपनी पंसद के प्रत्याशी को मत देने का। इसी गांव के सऊदी में रहने सुरेंद्र निषाद (30 वर्ष) 14 सालों से लगातार बाहर होने से किसी मतदान प्रक्रिया में हिस्सा नहीं ले पाए थे। मत देने के बाद बताया कि अपनी पसंद का विधायक चुनने का यह अच्छा मौका था तो चूके क्यों। पता नहीं अगले चुनाव में कहां रहेंगे। इस बार घर पर थे तो अपने मताधिकार का प्रयोग किया।