निमोनिया से बच्चे की मौत पर गुस्साए लोगों ने मझौलीराज नगर के शाही चौक पर शव रखकर सड़क जाम कर दिया।
लोगों ने स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए सीएमओ का पुतला फूंका और नारेबाजी की।
मौके पर पहुंचे तहसीलदार ने लोगों से वार्ता कर जाम खत्म कराया।इसके चलते मैरवा-सलेमपुर मार्ग पर दो घंटे तक यातायात ठप रहा।
मझौलीराज नगर के टेढ़ी मोहल्ला निवासी स्व. छब्बू के छह वर्षीय बेटे मुन्ना उर्फ करन को तीन दिन पूर्व बुखार हो गया। घरवाले उसका इलाज सीएचसी पर करा रहे थे।
डॉक्टर ने निमोनिया बताया था। भोर में करीब तीन बजे मुन्ना की तबीयत अचानक बिगड़ गई और वह अचेत हो गया। मोहल्ले के लोग बच्चे को लेकर एंबुलेंस से सीएचसी पहुंचे।
प्राथमिक उपचार के बाद गंभीर हालत में डॉक्टर ने उसे जिला अस्पताल रेफर कर दिया। जिला अस्पताल में डॉक्टर ने बच्चे को मृत घोषित कर दिया।
इसकी खबर जब मझौलीराज नगर के लोगों को हुई तो वे उग्र हो गए और शाही चौक पर सुबह साढ़े नौ बजे बच्चे का शव रखकर सड़क जाम कर दिया।
नाराज लोगों ने स्वास्थ महकमे पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए सीएमओ का पुतला फूंका। एक घंटे बाद तहसीलदार राहुलदेव भट्ट और इंस्पेक्टर डीपी सिंह मौके पर पहुंचे।
तहसीलदार और इंस्पेक्टर ने लोगों से वार्ता कर दो घंटे बाद जाम खत्म कराया। इसके बाद यातायात शुरू हो सका।
जाम के दौरान तहसीलदार से वार्ता में उमेश चन्द्र वर्मा, अखिलेश मिश्र, राजू खान, अनिल पटेल, वलिउल्लाह सिद्दीकी, गिरजा शंकर कुशवाहा आदि लोग मौजूद रहे।