देवरिया। चंदौली गांव निवासी अधिवक्ता आकाश पांडेय की मौत मामले में पुलिस ने अभी तक मामला दर्ज नहीं किया है। पुलिस सिर्फ मामले की जांच करने की बात कह रही है। इसे लेकर मंगलवार को अधिवक्ता का एक प्रतिनिधिमंडल एसपी विक्रांत वीर से मिला। उन्होंने इस प्रकरण की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की। इसके अलावा आकाश के छोटे भाई ने भी एसपी को आवेदन देते हुए धमकी दिए जाने से अवगत कराते हुए जानमाल की रक्षा की गुहार लगाई है।
एसपी को दिए गए आवेदन में कोतवाली क्षेत्र के चंदौली गांव निवासी अजय प्रताप पांडेय के पुत्र प्रकाश पांडेय ने कहा कि मेरे बड़े भाई आकाश पांडेय पेशे से अधिवक्ता थे। 25 दिसंबर 2024 को वह अपनी बुलेट लेकर रिश्तेदार डॉ. कार्तिकेय पांडेय के यहां भोजन करने के लिए गए थे। भोजन करने के बाद एक बजे रात में वह घर जाने के निकले थे। बेलडाड रोड से इजरही और अहिर परसिया गांव जाने वाले रास्ते से करीब 100 मीटर पहले पहुंचे थे कि कुछ लोगों ने उन पर हमला करके चोट पहुंचाया था। जिससे गंभीर चोट आयी और वह मौके पर गिर गए। उनके पास ही कुछ दूरी विजय प्रकाश यादव भी घायलावस्था में पड़ा हुआ था। सुबह में उनके घायल होने की सूचना मिली थी। इसके बाद इलाज के लिए मेडिकल कॉलेज लाया गया। जहां इलाज के दौरान विजय की मौत हो गईं। वही गंभीर रूप से घायल आकाश को इलाज के लिए हमलोग पीजीआई लखनऊ लेकर चले गए। जहां 30 दिसंबर को उनकी मौत हो गई। कोतवाली में हत्या का मुकदमा दर्ज करने के लिए तहरीर दी, लेकिन पुलिस आजतक मुकदमा नहीं दर्ज कर सकी है। हम लोगों को ऐसी आशंका है कि भाई आकाश की हत्या करने वाले बहुत नजदीकी लोग हैं, जो मुझे, मेरे पिता अजय प्रताप पांडेय, छोटे भाई शिवमणि पांडेय, मामा आस्तिक तिवारी को अच्छी तरह जानते-पहचानते हैं। वे हमलोगों के साथ कभी भी कोई अप्रिय घटना कर सकते हैं। प्रकाश ने कहा कि जब मैं घर से निकलता हूं तो अक्सर चार पहिया वाहन मेरी बाइक के पीछे-पीछे चलती है। प्रकाश के साथ बार एसोसिएशन के अध्यक्ष सिंहासन गिरी भी मिले। इसमें मंत्री अजय उपाध्याय, नंदलाल पाठक, सुशील मिश्रा, प्रकाश मिश्रा आदि अधिवक्ता मौजूद रहे। एसपी विक्रांत वीर ने दो दिन समय दिया। एसपी ने कहा कि मामले की जांच की जा रही है। दो दिन बाद जांच प्रक्रिया व कार्रवाई से अवगत करा दिया जाएगा।