मतदान के बाद वार्डवार मतदान प्रतिशत पर समीक्षा शुरू
पार्टियों में भीतरघात का सता रहा भय
संवाद न्यूज एजेंसी
रुद्रपुर। निकाय चुनाव में मतदान के बाद अब प्रत्याशी अपनी-अपनी जीत का दावा ठोक रहे हैं। इस बार प्रत्याशी और उनके समर्थक पार्टी मूल वोट से नहीं, बल्कि जातीय समीकरणों के आधार पर अपने जीतने का दम भर रहे हैं, हालांकि सभासदों में टिकट बंटवारे को लेकर उन्हे भीतरघात का भय सता रहा है। शुक्रवार को प्रत्याशियों के यहां समर्थकों का पूरा दिन वार्डवार हुए मतदान के प्रतिशत की समीक्षा में बीता।
नगर में भाजपा से सुधा निगम, सपा से नर्वदा देवी, बसपा से विनीता त्रिपाठी, कांग्रेस से रीता देवी, एनसीपी से स्नेहलता और सुभासपा से मनोरमा देवी ने जमकर चुनाव लड़ा। मतदान के दिन प्रत्याशी एक-एक वोट के लिए जद्दोजहद करते रहे। समर्थकों के अलावा प्रत्याशी भी मोहल्लों में मतदान के दिन दौड़ते नजर आए। वोट के दिन भी मतदाताओं की चुप्पी प्रत्याशियों के लिए परेशानी बनी रही। प्रत्याशी पार्टी के मूल वोटरो पर खुल कर नहीं बोल रहे, पर्चा दाखिला के अंतिम दिन सभासदों में टिकट बंटवारे को लेकर हुए विवादों के बाद उन्हें भीतरघात का डर बना है। चौराहे पर भी पार्टी नहीं, जातीय समीकरण के आधार पर हार, जीत तय की जा रही है। प्रत्याशी और उनके समर्थकों की नजर अब मतगणना के दिन पर टिकी है। देर रात सतासी इंटर कॉलेज में मदनपुर और रुद्रपुर के प्रत्याशियों की मतपेटिका स्ट्रांग रूम में बंद हो गई।