छोटी गंडक की कटान रोकने के लिए बिछने लगे बोल्डर
भटनी। क्षेत्र के चार गांवों में छोटी गंडक नदी के कटान को रोकने के लिए बोल्डर बिछने लगे हैं। छह करोड़ 59 लाख रुपये की परियोजना से तीनों गांवों में नदी की कटान को रोका जाएगा। सांसद डॉ. रमापतिराम त्रिपाठी और तत्कालीन विधायक कमलेश शुक्ल के प्रयास से परियोजना स्वीकृत हुई थी। बाढ़ से पहले परियोजना शुरू होने से लोगों ने राहत की सांस लेते हुए खुशी जाहिर की है। इसके अलावा बैकुंठपुर में भी नदी कटान को रोकने का कार्य शुरू हो गया है।
भटनी के जिगिना मिश्र, तेनुआ और भरहेचौरा गांव में छोटी गंडक के कटान से लोग परेशान हैं। हर वर्ष नदी का जल स्तर बढ़ने पर तीनों गांवों के सैकड़ों किसानों की उपजाऊं भूमि नदी में समा जाती है। लोकसभा चुनाव से पहले यहां के किसानों ने कटान को रोकने के लिए गांव-गांव भिक्षाटन कर लोगों से गांव का अस्तित्व समाप्त होने से बचाने की गुहार लगाई। इसकी जानकारी होने पर सांसद डॉ. त्रिपाठी और तत्कालीन विधायक कमलेश शुक्ल ने प्रभावित तीनों गांवों का निरीक्षण किया। कटान देखने के बाद उन्होंने बाढ़ खंड विभाग से स्टीमेट बनाकर शासन में भेजने को कहा। शासन स्तर से परियोजना पास होने के बाद विभाग ने पैमाइश कर बोल्डर गिराना शुरू कर दिया। शनिवार को तीनों गांवों में छोटी गंडक नदी के किनारे बोल्डर बिछना शुरू हो गया है। बाढ़ खंड के अवर अभियंता आकाश श्रीवास्तव ने बताया कि परियोजना स्वीकृत होने के बाद जिगिना मिश्र, तेनुआ, भरहेचौरा और बैकुंठपुर में छोटी गंडक नदी कटान रोकने के लिए काम शुरू हो गए हैं। परियोजना पूरी होने के बाद निश्चित रूप से कटान रोकने में मदद मिलेगी।