कृषक लघु माध्यमिक विद्यालय मदरसन गौरी बाजार के शिक्षक कृष्ण मोहन सिंह की खुदकुशी मामले में बीएसए के प्रधान सहायक तनुज श्रीवास्तव को निलंबित कर दिया गया है। सचिव बेसिक शिक्षा परिषद प्रयागराज सुरेंद्र कुमार तिवारी ने शासन द्वारा गठित जांच समिति की आख्या के आधार पर यह कार्रवाई की है।
प्रधान सहायक के निलंबन से बीएसए कार्यालय में हड़कंप मचा हुआ है।हाईकोर्ट इलाहाबाद में 13 फरवरी 2025 को अपर्णा तिवारी और दो अन्य के मुकदमे में बेसिक शिक्षा अधिकारी को शिक्षकों का प्रकरण सुनकर निस्तारित करने का आदेश दिया था।
निलंबित बीएसए शालिनी श्रीवास्तव द्वारा एक साल में भी निर्णय नहीं लेने और उनके पटल सहायक संजीव सिंह द्वारा तीनों शिक्षकों से 16-16 लाख रुपये वसूलने और चार-चार लाख और मांगने से तंग आकर मुकदमे में वादी एक शिक्षक कृष्णामोहन सिंह ने 20 फरवरी को खुदकुशी कर ली थी।
इस मामले में शासन द्वारा उप शिक्षा निदेशक प्राइमरी लखनऊ के नेतृत्व में गठित जांच समिति ने बीएसए शालिनी श्रीवास्तव से देवरिया कार्यालय में पूछताछ की थी।
सूत्रों के मुताबिक बीएसए ने अपने स्पष्टीकरण में उस समय पटल देख रहे तनुज श्रीवास्तव पर फाइल उपलब्ध नहीं करने का आरोप लगाया है। इसमें यह भी कहा गया है कि फरवरी से जुलाई तक तनुज श्रीवास्तव के पास पटल था। उन्होंने फाइल प्रस्तुत नहीं किया। इसके बाद संजीव सिंह को पटल का प्रभार दे दिया गया।
इस परिवर्तन के चलते सुनवाई में देरी हुई। जांच अधिकारी ने इसकी रिपोर्ट सचिव बेसिक शिक्षा परिषद सुरेंद्र कुमार तिवारी को सौंप दिया। इसके बाद छह मार्च को सचिन ने प्रधान सहायक तनुज श्रीवास्तव को निलंबित कर दिया।े में एक और बाबू निलंबित