पानी के बढ़ने से कटान भी तेज हुई है।
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बरहज। तहसील क्षेत्र के साथ सटे पड़ोसी जिलों में बाढ़ से खतरा बढ़ता जा रहा है। घाघरा और राप्ती के पानी में लगातार बढ़त हो रही है। चारों ओर इलाके पानी में डूब रहे हैं। पानी के बढ़ने से कटान भी तेज हुई है। थाना घाट पर बने खतरे के मापक पर जलस्तर 66.50 मीटर से 67.10 मीटर पर पहुंचा है, जो लाल निशान से 60 सेमी ऊपर है। इसके चलते बाढ़ का पानी तहसील क्षेत्र के घाघरा के उस पार के गांव परसिया देवार व विशुनपुर देवार को जाने वाले बंधाें पर टकराने लगा है।
जहां नदी दबाव बना रही है। बाढ़ का पानी साधू की पलानी व नुरुल्लाह नाम के बंधे पर दबाव बनाए हुए है। वही दसरसरिया बंधे पर भी बाढ़ का पानी पहुंच चुका है। देवारा क्षेत्र की सीमा से सटे मऊ जिले के जरलहवा टोले में पानी पहुंच गया है। देवारा के 13 टोले पहले से ही जलमग्न हैं। इधर राप्ती का पानी कपरवार से सटे उस पार गोरखपुर के पटना, पवहरिया, नई बस्ती, जिस्तवलिया, अगिलगहवा, जगदीशपुर आदि गांवों को प्रभावित कर दिया है। अगिलगहवा व जगदीशपुर गांव घिर गए हैं।
पवहरिया में राप्ती तेजी से कटान कर रही है। बाढ़ का पानी नगर के पटेल नगर व आजाद नगर के निचले इलाकों में प्रवेश कर चुका है। अनुमान के अनुसार बाढ़ के पानी में और भी बढ़त होगी। एसडीएम का कहना है कि बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में पीएसी के बाढ़ राहत दल को भेज दिया गया है। राजस्वकर्मी भी निगरानी कर रहे हैं।