देवरिया। पूर्व आईजी अमिताभ ठाकुर प्रकरण में मंगलवार को नया मोड़ आ गया है। इसमें अमिताभ ठाकुर का पैरोकार बताते हुए एक व्यक्ति ने अमिताभ ठाकुर के पास से रुपये बरामदगी और मोबाइल फोन का लॉक तोड़े जाने को लेकर सीजेएम कोर्ट में वाद दाखिल कर दिया है।
अब इस मामले में 23 जनवरी को सुनवाई होगी। स्वयं को पूर्व आईजी अमिताभ ठाकुर का पैरोकार बताने वाले रामपुर कारखाना थानाक्षेत्र के हरपुर गांव निवासी भीमसेन राव ने आरोप लगाया है कि अमिताभ ठाकुर की गिरफ्तारी के समय उनके पास 42 हजार रुपये थे, लेकिन सामान को अवमुक्त करते समय महज 7208 रुपये ही दिए गए।
साथ ही उनके पास से बरामद किए गए वीवो मोबाइल फोन को लौटाते समय, वह बिना पासवर्ड मिला, जबकि उनके दोनों फोन में पहले पिन लॉक लगा हुआ था।
इसके अलावा अमिताभ ठाकुर के पास से बरामद किए गए कोलगेट टूथपेस्ट को नहीं लौटाया गया।
भीमसेन राव ने पुलिस से इस प्रकरण में आख्या मांगने और कार्रवाई करने का अनुरोध कोर्ट से किया है। भीमसेन राव के अधिवक्ता प्रवीण द्विवेदी ने बताया कि अमिताभ ठाकुर के कोलगेट पेस्ट को नहीं लौटाना संदेह उत्पन्न करता है। पुलिस अमिताभ ठाकुर को पेस्ट की जगह कुछ और भरकर इस मामले में फंसा सकती है।