देवरिया। शहर के विभिन्न मस्जिदों में मुकद्दस रमजान के आखिरी जुमा की नमाज मुल्क के सलामती एवं अमन चैन की दुआओं के साथ हुई। नमाज में पढ़े जाने वाले खुतबों में माह-ए-रमजान को अलविदा कह दिया गया। तमाम मस्जिदों में अलविदा के मौके पर जुमा का खुतबा व नमाज अदा की गई। जामा मस्जिद रेलवे स्टेशन रोड में सबसे ज्यादा नमाजियों की भीड़ उमड़ी। अलविदा की नमाज के मद्देनजर शुक्रवार को प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद रहा।
रमजान की आखिरी जुमा (अलविदा) की नमाज अदा करने के लिए दोपहर में ही मस्जिदें नमाजियों से भर गईं। मस्जिद की कमेटियों ने भी नमाजियों की तादाद ज्यादा होने के नाते पहले से विशेष इंतजाम किए थे। रमजान का आखिरी जुमा होने के कारण कुछ मस्जिदों में जगह कम पड़ गई। नमाजियों ने सड़कों पर ही दरी बिछाकर नमाजें अदा की। तहसील रोड स्थित जामा मस्जिद में अपरान्ह 1.30 बजे इमाम अशफाक अहमद काशमी ने जुमे की नमाज अदा कराई। अबूबकरनगर छोटी मस्जिद सल्फिया में दोपहर एक बजे, बांस देवरिया में इमाम अहमद रजा ने, लकड़ीहट्टा स्थित मजिस्द हजरत बेलाल में इमाम अफजल ने अपरान्ह एक बजे अलविदा की नमाज अदा कराई। इसके अलावा शहर के मदीना मस्जिद अबूबकरनगर, शहीदनगर, न्यू कालोनी, खरजरवा, सकरापार, इलाही टोला, बसियवां, रामनाथ देवरिया, इंदिरानगर, तीड़ी मस्जिद बजाजी रोड, देवरिया खास, देवरही टोला स्थित मस्जिदों में भी वहां के पेश इमाम ने आखिरी जुमा की नमाज अदा कराई।
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सलेमपुर स्थित मस्जिदों में भी हुई अलविदा की नमाज
सलेमपुर। माहे रमजान के आखिरी जुमा को अलविदा की नमाज अदा की गई। नगर के भठवां धर्मपुर मस्जिद के पेशे इमाम अब्दुल कलाम ने जुमा की नमाज अदा कराया। मौके पर मुसलमान भाईयों ने मुल्क की सलामती के लिए दुआएं मांगी। इस दौरान सुरक्षा को लेकर पुख्ता इंतजाम किए गये थे। कोतवाल विजय सिंह गौर अपने हमराहियों के साथ मस्जिद के पास जमे रहे।
ईद की तैयारियों में जुटे लोग, खरीदारी शुरू
वैसे तो रमजान के आमद से ही खरीदारी शुरू हो जाती है। कुर्ता-पायजामा, शर्ट-पैंट, सलवार-सूट के कपड़े पहले से खरीद लिए जाते हैं। दर्जियों के पास भी सिलाई के आर्डर अधिक होते हैं। शहर के अंसारी रोड, छहमुखी चौराहा, रामलीला मैदान रोड पर दुकानें शूट, शेरवानी, कुर्ता-पजामा सहित अन्य कपड़े, जूते, आर्टिफिशियल आभूषण की दुकान सजीं हैं। लोग घरेलू सामानों जैसे-प्लास्टिक के बर्तन, शीशे के सामान, टोपी, इत्र, बेल्ट, चश्मा, चूड़ी, सजावट के लिए प्लास्टिक के फूल की खरीददारी हो रही है।