बरहज। जहाज घाट पर सरयू नदी में करीब पांच हजार महिलाओं ने जीवित्पुत्रिका त्योहार पर स्नान ध्यान कर बरियार पौधे का पूजा किया। पुत्र के लंबी आयु के लिए माताओं ने निराजल व्रत रखा। बुधवार को भोर में ही माताएं अल्पाहार ग्रहण करने के बाद जीउतिया व्रत का अनुष्ठान करने में लग गईं। शाम तीन बजे से सरयू तट पर स्नान के लिए महिलाओं की कतार लग गई। महिलाएं अपने साथ बरियार का पौधा लेकर आई थीं। सरयू तट पर देवरिया, सलेमपुर, भलुअनी, रुद्रपुर, महेन, पैना, गौरीबाजार, भट्ठा चौराहा आदि जगहों से आई महिलाएं दातून-कुल्ला करने के बाद स्नान कर बरियार को अंकवार देकर बेटों के लंबी आयु की कामना की। व्रती महिलाओं ने दान-दक्षिणा देने के बाद व्रत की कथा श्रवण किया। घाट पर मेले जैसा माहौल रहा।
नहाते वक्त महिला की चेन उड़ाई
जीवित्पुत्रिका व्रत स्नान के लिए सरयू तट पर देवरिया से आई एक महिला का उचक्कों ने चेन उड़ा दी। जबकि घाट पर भीड़ के बाद भी पुलिस इंतजाम नहीं होने से उचक्कों और मनचलों की चांदी रही। उमानगर, देवरिया निवासी ओमप्रकाश तिवारी की पत्नी गायत्री देवी परिवार के एक सदस्य के साथ स्नान करने आई थीं। उनका कहना है कि डुबकी लगाने के दौरान कुछ युवक पास में नहा रहे थे। उन्हीं में से किसी ने चेन पर हाथ साफ कर दिया। चेन गायब होने के बाद महिला बदहवास हो गई। साथ आए युवक ने उसे किसी तरह संभाला और थाने ले गया। सीओ वरुण मिश्र का कहना है कि मैं बाहर हूं, पता कराता हूं।