सलेमपुर। आदर्श रेलवे स्टेशन सलेमपुर में पांच प्रमुख एक्सप्रेस ट्रेनों के ठहराव की मांग लंबे समय से चली आ रही है। इसको लेकर कई बार उग्र आंदोलन और ट्रेन भी रोका जा चुका है। लेकिन अफसरों की ओर से झूठा आश्वासन मिलता रहा। इसको लेकर जयप्रकाश के नेतृत्व में रेलवे कैंपस में लोगों ने धरना शुरू कर दिया है। शाम को रेलवे अफसरों को लोगों ने मांगपत्र दिया।
दिल्ली और मुंबई और लखनऊ जाने के लिए सिर्फ एक-एक ट्रेनें है जो सलेमपुर रेलवे स्टेशन पर रुकती है। इसमें दिल्ली जाने वाली लिच्छवी एक्सप्रेस बीच में एक माह तक कोहरा के कारण बंद रहती है। इसके चलते इलाके के लोगों को देवरिया, भटनी और बेल्थरा रोड जाना पड़ता है। क्षेत्रीय लोग सलेमपुर में गोदान, दुर्ग, पुणे, बापूधाम और शालीमार एक्सप्रेस ट्रेनों की ठहराव की मांग लोग बहुत दिनों से कर रहे है। इसके लिए पूर्वोत्तर रेलवे की ओर से आंदोलनकारियों को ट्रेनों के ठहराव के लिए आश्वासन भी मिला जो कोरा साबित हुआ। शनिवार को जयप्रकाश मद्घेशिया ने रेलवे परिसर पर टेंट लगाकर आंदोलन इसके लिए शुरू कर दिया है। इनका कहना है कि रेल मंत्रालय की उदासीनता के चलते सलेमपुर में प्रमुख ट्रेनों का ठहराव नहीं हो रहा है। इसके लिए कई बार उन्हें पत्र भेजा जा चुका है। शाम को करीब छह बजे स्टेशन अधीक्षक राकेश बिहारी और आरपीएफ इंस्पेक्टर पीएन पासवान पहुंचे और एक दिन की अनुमति होने की बात कहते हुए मांगपत्र देने को कहा। इसके बाद आंदोलनकारियों ने मांगपत्र दिया और मांग पूरा नहीं होने पर एक माह बाद पुन: बेमियादी धरना देने की चेतावनी दी। इस दौरान मोनू तिवारी, डॉ. दिलीप मिश्र, राजेश रावत, परमानंद प्रसाद, पारस चौहान, ओम बरनवाल, शिवसागर, मनीष यादव, सुभाष रावत आदि मौजूद रहे।