देवरिया। बेटा यदि बात मान गया होता तो शायद पिता की जान नहीं जाती। बेटे के प्रेम प्रसंग की जानकारी होने पर पिता ने उसे समझाने की बहुत कोशिश की थी। बेटे की गलती का खामियाजा पिता को जान देकर चुकानी पड़ी।
पुलिस की जांच में यह बात सामने आई है कि बांस देवरिया मोहल्ले के रहने वाले विद्याभास्कर जायसवाल का बड़ा बेटा बालेश्वर ऊर्फ बाला तहसील गेट स्थित फोटो स्टूडियो की दुकान पर रहता था। इसी दौरान आरोपी युवक की बहन से उसकी नजदीकियां बढ़ गईं। इस बात की जानकारी किसी माध्यम से विद्याभास्कर को हुई तो उन्होंने बेटे को बहुत समझाया और कहा कि अपना रास्ता बदल लो, लेकिन बालेश्वर नहीं माना। उधर, आरोपी युवक ने कुछ दिन पहले ही जान से मारने की धमकी दी थी, लेकिन इन लोगों ने इसे गंभीरता से नहीं लिया। शनिवार की रात साढ़े आठ बजे आरोपी युवक बालेश्वर को पूछते हुए पहुंचा। उसके नहीं मिलने पर पिता विद्याभास्कर को ही गोली मार दी। लहूलुहान होकर वह गिर पड़े और मौके पर ही उनकी मौत हो गई। लोगों का कहना है कि विद्याभास्कर काफी मिलनसार थे। वह सभी के साथ मिलजुल कर रहते थे। गलती बेटे ने की और खामियाजा पिता को जान देकर चुकानी पड़ी। फिलहाल पुलिस आरोपी युवक की गिरफ्तारी में लगी है।