सुनील कुमार सिंह
देवरिया। जिले के 45 उच्च प्राथमिक और 13 राजकीय कस्तूरबा आवासीय विद्यालयों में कचरा दहल भट्ठी बनेगी। इसके लिए शासन ने बजट और भट्ठी का नक्शा भेज दिया है। विभाग की ओर से चिह्नित विद्यालयों में भट्ठी बनवाने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। उच्च प्राथमिक और राजकीय कस्तूरबा आवासीय विद्यालयों में पढ़ने वाली छात्राओं को उम्र संबंधी कई दिक्कतों से गुजरना पड़ता है। शासन ने स्वच्छता अभियान के तहत उच्च प्राथमिक और राजकीय कस्तूरबा आवासीय विद्यालयों में कचरा दहन भट्ठी बनवाने का निर्णय लिया। इसके तहत जिले के 45 उच्च प्राथमिक और 13 ब्लॉक में बने राजकीय कस्तूरबा आवासीय विद्यालयों में यह भट्ठी बनाने का आदेश मिला है। इसके लिए बजट भी शासन ने भेज दिया है। पहले चरण में उन उच्च प्राथमिक विद्यालयों का चयन किया गया है, जहां छात्राओं की संख्या अधिक है। विद्यालय परिसर के कचरे को एकत्र कर भट्ठी में जलाया जाएगा। इस बाबत बीएसए, उपेंद्र कुमार ने कहा कि उच्च प्राथमिक और राजकीय कस्तूरबा आवासीय विद्यालयों में कचरा दहन भट्ठी बनवाने के लिए आदेश और बजट आ गया है। शासन की ओर से भेजे गए नक्शा के अनुसार भट्ठी बनवाने का कार्य जल्द शुरू करा दिया जाएगा।
आठ हजार रुपये मिलेगा
उच्च प्राथमिक विद्यालयों में कचरा दहन भट्ठी बनवाने के लिए आठ हजार रुपये मिला है। जबकि राजकीय कस्तूरबा आवासीय विद्यालयों के लिए पांच हजार रुपये ही मिले हैं। वैसे जिले में कचरा दहन भट्ठी बनवाने के लिए 45 उच्च प्राथमिक विद्यालयों की सूची आई है, लेकिन बजट 46 भट्ठी का मिला है। दोनों जगहों पर एक जैसी ही भट्ठी बननी है, लेकिन बजट में अंतर किसी के समझ में नहीं आ रहा है।