सलेमपुर। कूट रचित प्रमाणपत्रों के आधार पर नौकरी करने वाले तहसील के 21 शिक्षकों से अब वेतन वसूली की प्रकिया शुरू कर दी गई है। डीएम ने जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी के पत्र के आधार पर इन शिक्षकों से 10.50 करोड़ रुपये वसूले जाने का फरमान भेजा है। तहसीलदार वसूली के लिए संबंधित बर्खास्त शिक्षकों को नोटिस भेज रहे हैं। इसको लेकर फर्जी शिक्षकों में हड़कंप मच गया गया है।
जिले में फर्जी शिक्षकों की जांच अभियान के दौरान सलेमपुर के 21 शिक्षक फर्जी पाए गए थे। इनको बर्खास्त किए जाने के साथ ही संबंधित थानों में एफआईआर दर्ज की गई है। कुछ शिक्षकों की गिरफ्तारी हुई तो कुछ अब भी फरार चल रहे हैं। इसी बीच जिलाधिकारी ने वेतन वसूली के लिए भी तहसीलदार को आरसी भेज दी है। इसमें सोहनाग रोड निवासी राम लखन से 63.86 लाख, ठाकुरनगर वार्ड के राम भरोसे से 87.60 लाख, सलाहाबाद वार्ड निवासी वीणारानी से 72.69 लाख, टीचर्स कालोनी के सुशील कुमार सिंह से 48.24 लाख, हरैया के आलोक कुमार से 11.90 लाख व गौरव कुमार से 10.37 लाख, कपरीपार की स्वाती तिवारी से 37.65 लाख, विराजमार के वेद प्रकाश तिवारी से 22.62 लाख, बरडीहा गांव के गुलाब चंद्र से 22.62 लाख, बरसीपार के राजेश कुमार से 34.79 लाख रुपये वसूले जाने हैं।
वहीं डुमवलिया गांव के दीनानाथ तिवारी से 85.17 लाख, बभनौली पांडेय के बृजानंद यादव से 54.15 लाख, कसिली की रीता मिश्रा से 77.51 लाख, बरसीपार की रेनुबाला से 63.86 लाख, नोनापार की प्रियंका से 46.50 लाख, रेवली के हरेंद्र यादव से 96 लाख, मझवलिया गांव के बृंदालाल गौतम से 54.42 लाख, रंगौली के चंद्रभूषण यादव से 43.50 लाख, बतरौली के सरोज यादव से 37.93 लाख, भागलपुर के संजय कुमार से 68.50 लाख, तिवारीपुर के अभिषेक तिवारी से 9.65 लाख रुपये वसूल किए जाने हैं। अमीन बर्खास्त शिक्षकों को वसूली का नोटिस भेज रहे हैं।
जिलाधिकारी के पत्र को गंभीरता से लेते हुए बर्खास्त शिक्षकों से वसूली के लिए अभियान चलाया जा रहा है। नोटिस कई शिक्षकों को दे दिया गया है। कुछ लोग अपना पता बदल दिए हैं। इसकी वजह से दिक्कतें आ रही हैं।
- मिश्रीलाल चौहान, तहसीलदार सलेमपुर