चित्रकूट। कोरोना वायरस में लॉकडाउन के चलते 120 किमी पैदल प्रयागराज से चलकर चित्रकूट पहुंचे तीन छात्रों ने अपनी पीड़ा सुनाई तो हर कोई भावुक हो गया। कोतवाली के पास युवा व्यापार मंडल के पदाधिकारी मिले तो उन्होंने रोककर कहा साहब बहुत भूख लगी है कहीं कुछ भोजन मिलेगा।
अभी उन्हें महोबा जाना है। कोई साधन नहीं है पैदल प्रयागराज से आए हैं। इसी बीच ईओ नगर पालिका भी आ गए। सभी ने मिलकर तीनाें छात्रों को भोजन कराया और रात में ठहरने का इंतजाम टाउन हाल में किया। शुक्रवार की सुबह वह तीनों महोबा को निकल गए।
महोबा जिला निवासी मदन साहू, बृजेंद्र कुमार व पुष्पेंद्र वर्मा प्रयागराज में स्नातक कर रहे हैं। प्रयागराज के बाद पूरे देश में लॉकडाउन होने से उनके सामने भोजन, शिक्षा व आवागमन की समस्या हो गई। पांच दिन से वह गांव जाने को परेशान थे। कोई साधन न मिलने पर बुधवार को वह तीनों पैदल ही चल पड़े। बृहस्पतिवार की रात को यह तीनों चित्रकूट मुख्यालय पहुंचे।
इसी बीच व्यापार मंडल युवा प्रकोष्ठ के जिलाध्यक्ष राहुल गुप्ता, गोलू गुप्ता, धर्मचंद्र, अंकित व संचित आदि वहां से गुजरे। इन्हें देख छात्रों ने आवाज देकर अपनी दास्तां सुनाई। इसी बीच ईओ नरेंद्र मोहन मिश्रा भी आ गए। सभी ने तीनों छात्रों को रात्रि विश्राम के साथ ही भोजन का इंतजाम कराया। शुक्रवार की सुबह महोबा रवानगी के पूर्व तीनों छात्रों ने सभी का आभार जताया।