चित्रकूट। घर के बाहर मिट्टी की दीवार के सहारे बैठकर शनिवार की देर शाम बिस्कुट खाना तीन बहनों की मौत का सबब बन गया। दीवार गिरने से तीनों बहनें बिस्कुट खाते-खाते मलबे में दब गईं और जब तक ग्रामीण मलबे से तीनों को बाहर निकालते मौत हो चुकी थी।
तीन बच्चियों की मौत से पूरे गांव में मातम छा गया। मरने वाली बहनों में सबसे बड़ी कक्षा दो और दूसरी कक्षा एक में गांव के स्कूल में पढ़ती थी, जबकि तीसरी स्कूल नहीं जाती थी। सूचना पर मऊ एसडीएम राजबहादुर समेत पुलिस और राजस्वकर्मी गांव पहुंचे और परिजनों को ढांढस बंधाया।
रैपुरा थाना क्षेत्र के कपूरी गांव निवासी पेशे से मजदूर अशोक कुमार वर्मा की बेटी रीतू (12), शिव देवी (9) और पूजा (5) शाम पांच बजे एक दुकान से नमकीन और बिस्कुट खरीद कर लाईं और घर की दीवार के सहारे बैठकर खाने लगीं।
अभी तीनों ने खाना शुरू किया ही था कि अचानक दीवार भर भराकर गिर गई। दीवार के मलबे में तीनों दब गई। इस दौरान दीवार गिरने की आवाज सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे और मलबा हटाकर तीनों बच्चियों को बाहर निकाला, लेेकिन तब तक तीनों की मौके पर ही मौत हो चुकी थी। इस बीच ग्रामीणों ने थाना पुलिस को भी हादसे की जानकारी दी।
मौके पर पहुंची पुलिस ने बच्चियों केे शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। परिजनों के मुताबिक, सबसे छोटी पूजा को भी इसी साल स्कूल में दाखिला कराने की बात चल रही थी, लेकिन दाखिले के पहले काल ने बच्ची को छीन लिया।
अशोक के दो बेटों संग तीन ही पुत्रियां थी। उधर, मऊ एसडीएम ने बताया कि बच्चियों के परिजनों को अहेतुक सहायता दिलाई जाएगी, साथ ही सरकारी योजना के अनुसार मदद की जाएगी। ग्राम प्रधान हीरालाल ने बताया कि परिजनों के राशन आदि का इंतजाम किया जा रहा है।