खोंपा गांव में रविवार रात हाईटेंशन लाइन टूटकर गिरने से घर के बाहर सो रहे चौकीदार और उसके छह वर्षीय नाती समेत तीन लोगों की झुलसकर मौत हो गई। एक साथ तीन मौतों से परिवार में कोहराम मच गया। घटना के संदर्भ में विद्युत विभाग के अधिकारी ने बाद में बात करता हूं, ये कहकर टाल दिया।
खोंपा गांव में हाईटेंशन लाइन घरों के पास से गुजरी है। रविवार रात यहां रहने वाले चौकीदार शिवराम उर्फ जीराम आरख (60) अपनी पुत्री कलावती पत्नी शत्रुघ्न निवासी भिटौरा (कमासिन बांदा) के छह वर्षीय पुत्र आयुष के साथ घर के दरवाजे के पास सो रहे थे। जीराम के बड़े भाई जिर्योधन (65) और भतीजी कलावती अंदर सोए थे। रात लगभग एक बजे घर के दरवाजे के थोड़ी ऊपर से निकली 11 हजार वोल्ट की हाईटेंशन लाइन से जोरदार आवाज के साथ चिंगारियां निकलने लगीं तो जिर्योधन की नींद खुल गई। वह भाई और नाती को बुलाने बाहर भागे। इसी दौरान जलती हुई तारें नीचे गिरीं और तीनों इसकी चपेट में आ गए। गंभीर रूप से झुलसने से मौके पर ही तीनों की मौत हो गई। पड़ोसियों ने बताया कि उन्होंने जिर्योधन के चिल्लाने की आवाज सुनी थी, पर जब तक वे लोग बाहर आते, तीनों की जान जा चुकी थी। एसडीएम सीपी उपाध्याय, तहसीलदार आरके पांडे, लेखपाल कैलाश पटेल, एसओ आरके मिश्रा, जिला पंचायत सदस्य शिवशंकर सिंह ने मृतकों के परिजनों को ढांढस बंधाया।
विभागीय सहायता न मिलने और तार दुरुस्त न करने पर आंदोलन की चेतावनी दी। वहीं इस संदर्भ में एक्सईएन राजमणि विश्वकर्मा से बात करने की कोशिश की तो उन्होंने बाद में बात करता हूं, ये कहकर फोन काट दिया। बाद में मोबाइल स्विच ऑफ बताने लगा। उधर, राजापुर के जेई भूपेश कुमार का मोबाइल भी घटना के बाद से ही स्विच आफ था।