फोटो-30सीकेटीपी 08 पुल का निरीक्षण करते लोक निर्माण विभाग के सहायक अभियंता व अन्य। संवाद
चित्रकूट। दो नदियों पर बने तीन जर्जर पुलों की मरम्मत की जाएगी। यह कार्य करीब 2.30 करोड़ रुपये की लागत से किया जाएगा। बजट मिलते ही विभाग ने ई-निविदा प्रक्रिया शुरू कर दी है। इससे राहगीरों का न सिर्फ सफर आसान होगा, बल्कि सौ से ज्यादा गांवों के लोगों को राहत मिलेगी।
बागेन नदी पर साईंपुर गांव के पास बने पुल के दोनों ओर सुरक्षा के इंतजाम नहीं थे। ये पुल काफी समय से तो जर्जर थे, साथ ही इनकी मरम्मत न होने के कारण मिट्टी का कटाव, टूटी नालियां और सुरक्षा इंतजामों की कमी जैसी समस्याएं थीं। जबकि इन पुलों से एक सौ से अधिक गांवों के लोग प्रतिदिन आवागमन करते हैं। मरम्मत के अभाव में उन्हें काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा था।
इसे देखते हुए लोक निर्माण विभाग ने चयनित जर्जर पुलों की मरम्मत का प्रस्ताव तैयार कर शासन को भेजा था। जिसे शासन ने मंजूरी दे दी है। अब बागेन नदी पर साईंपुर गांव के बने पुल की मरम्मत कराई जाएगी। इसके लिए 76.25 लाख रुपये का बजट स्वीकृत किया गया है। इसी प्रकार, पयस्विनी नदी पर कहेटा गांव के पास बने पुल की मरम्मत का प्रस्ताव पास हुआ है, जिसमें 81.51 लाख रुपये का बजट खर्च किया जाएगा। शासन से आवंटित रकम से इन जर्जर पुलों के अप्रोच मार्ग की मरम्मत कराई जाएगी।
कटान के सुरक्षात्मक कार्य के लिए बोल्डर पत्थर लगाए जाएंगे। साथ ही नालियों का भी निर्माण किया जाएगा। वहीं, पयस्विनी नदी पर ही कनकोटा गांव के पास बने पुल पर भी मरम्मत का काम होना है, जिसके लिए 72.02 लाख रुपये का बजट पास किया गया है। यहां नाली, ड्रेन सहित सुरक्षा के इंतजाम किए जाएंगे और पुल के दोनों ओर 25-25 मीटर पर बैरियर भी लगाए जाएंगे।
बोले जिम्मेदार
प्रांतीय खंड लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता जितेंद्र सिंह ने बताया कि नदियों पर बने पुलों की मरम्मत काफी समय से नहीं हुई थी। इस कारण मिट्टी का कटाव और नालियां टूट गई थीं, साथ ही सुरक्षा के इंतजाम भी पूरे नहीं थे। उन्होंने कहा कि विभाग ने मरम्मत के प्रस्ताव बनाकर शासन को भेजे थे, जिन्हें मंजूरी मिल गई है। बजट भी जारी हो चुका है और निर्माण कार्य जल्द ही शुरू कराया जाएगा।