अधिकारियों को निर्देश देतीं डीएम मोनिका रानी।
- फोटो : अमर उजाला
जिलाधिकारी ने ग्राम प्रधानों व एएनएम से कहा कि ग्राम स्वच्छता समिति की धनराशि कई वर्षों से पड़ी हुई हैं और इसका प्रयोग कुछ ग्राम पंचायतों में नहीं किया गया है। 30 सितंबर तक अगर इस धनराशि का व्यय नहीं किया गया तो संबंधित एएनएम का वेतन रोका जाएगा और जो भी सामग्री इस धनराशि से क्रय की जाए उसका अंकन स्टाक रजिस्टर में अवश्य किया जाए।
एएनएम से कहा कि बहानेबाजी बंद कर दें नहीं तो वह बाहर का रास्ता दिखा देंगी। ग्राम निधि का जो रुपया आया है वह रुपया ग्राम कीव्यवस्थाओं पर खर्च किया जाए। प्रभारी चिकित्साधिकारी को निर्देश दिए कि उपकेंद्रों की जो धनराशि मिली है उससे स्वास्थ्य संबंधी उपकरण में बीपी मशीन, हीमोग्लोबिन मीटर, छोटी फाृगिंग मशीन गांव के लिए अवश्य खरीदवा दी जाए।
मतदाता सूची में नाम चढ़ाने और सूची सत्यापन के लिए उन बूथों के बाहर मतदान केंद्र,बूथ संख्या, सुपरवाइजर,बीएलओ पदाभिहीत अधिकारी का नाम,टोल फ्री नंबर-18001801950 अवश्य अंकित करा दिया जाए और जब सभी व्यवस्थाएं ठीक करा दी जाएं तो ग्राम पंचायत अधिकारी प्रत्येक बूथों की फोटोग्राफ्स वेबसाइट पर अपलो़ड़ कराए। जिससे कि उसे निर्वाचन आयोग को भेजा जा सके ।
इस मौके पर मुख्य विकास अधिकारी ए दिनेश कुमार, मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ.रामजी पांडेय, उप जिलाधिकारी कर्वी नरेंद्र बहादुर सिंह, जिला पंचायत राज अधिकारी रामपाल सिंह आदि मौजूद रहे।