आधा दर्जन नकाबपोश डकैतों ने बुधवार को दिनदहाड़े बीहड़ क्षेत्र में स्थित प्राथमिक विद्यालय से टीचर को अगवा कर लिया। ग्रामीणों ने विरोध जताया तो डकैतों ने ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी। घटना की सूचना मिलते ही एसपी पवन कुमार ने भारी पुलिस फोर्स के साथ जंगल में कांबिंग शुरू की। एसपी ने बताया कि फिलहाल उन्हें गैंग के बारे में जानकारी नहीं है। किसी ने अभी तक घटना की जिम्मेदारी भी नहीं ली।
यूपी और एमपी की सीमा के पास मानिकपुर की ग्राम पंचायत ऊंचाडीह का मजरा मुरकटा बीहड़ इलाके में है। यहां के प्राथमिक विद्यालय में प्रभारी प्रधानाध्यापक मतगंजन प्रसाद वर्मा पुत्र कुंदन लाल निवासी लोढ़वारा बच्चों को मिडडे-मील परोसने की तैयारी में थे। यहां सिर्फ उन्हीं की तैनाती है। करीब 12 बजे आधा दर्जन नकाबपोश सशस्त्र डकैत आ धमके और टीचर मतगंजन के हाथ बांधकर कर उन्हें साथ चलने को कहा।
रसोइया मुन्नी ने विरोध जताया तो उस पर बंदूक तान दी। डकैतों की सूचना पर ग्रामीणों ने मोर्चा संभालने का प्रयास किया तो बदमाशों ने हवाई फायरिंग कर दी और टीचर को घसीटते हुए साथ ले गए। दिनदहाड़े टीचर के अपहरण की सूचना से पूरे जिले में सनसनी फैल गई। एसपी पवन कुमार, एएसपी आरडी चौरसिया, सीओ श्रीपाल यादव आदि मौके पर पहुंचे और भारी पुलिस बल के साथ पाठा क्षेत्र के जंगलों में कांबिंग शुरू कर दी। एसपी ने कहा कि अभी गिरोह के बारे में कुछ कहा नहीं जा सकता। किसी से लड़ाई हुई या पैसे के लिए ऐसा किया गया, इस बिंदु पर भी जांच होगी। इलाके में कई छुटभैये बदमाश भी हैं, ये उनका काम भी हो सकता है।