चित्रकूट। जिला जेल में विधायक अब्बास अंसारी की उसकी पत्नी निखत बानो की नियमों के विपरीत होने वाली मुलाकातों के मामले की जांच की जा रही है। पुलिस की एसआईटी टीम ने भी कई स्थानों पर पूछताछ की है। इनके मददगारों पर लगातार शिकंजा कसा जा रहा है। उधर, इस मामले की विशेष जांच करने वाराणसी की एक टीम भी जेल पहुंची है। सीसीटीवी के रिकार्ड से लेकर अन्य स्थानों पर जाकर पूरी स्थिति को जाना है। वायरल हुए ऑडियो की जांच कराने की बात कही है।
जिला जेल रगौली में दस फरवरी को नियमों के विपरीत जेल में मिलने पहुंची उसकी पत्नी निखत बानो को उसके मददगार वाहन चालक को डीएम एसपी ने पकड़ा था। इस मामले में डीआईजी जेल की प्राथमिक रिपोर्ट पर जेल अधीक्षक समेत आठ जेल अधिकारियों और कर्मचारियों को निलंबित किया जा चुका है। इसकी जांच के लिए एसपी वृंदा शुक्ला ने एसआईटी गठित की है। जेल प्रशासन इसकी अलग जांच करा रहा है।
शहर के कपसेठी में शहर वासी प्रहलाद साहू के घर में किराये से रहने के दौरान निखत बानो व उसके परिजनों से मिलने आने वालों की पहचान फोरेंसिक टीम कर रही है। इस घर के पास स्थित गोपी किशन सहास्त्रबाहु फ्रूड्स कंपनी के कार्यालय के सीसीटीवी के डीवीआर को जांच के लिए पुलिस ने अपने कब्जे में लिया है। मकान दिलाने में मदद करने वाले सपा नेता फराज खान की भी पुलिस पूछताछ के लिए तलाश कर रही है।
सूत्रों के अनुसार अब्बास व निखत की मुलाकातें कराने के लिए जेल में मोटी रकम व महंगे गिफ्ट दिए जाते थे। इसे लेकर एक निलंबित अधिकारी के कार खरीदे जाने को भी इससे जोड़ा जा रहा है। कार खरीदने वाली दुकान से इसके कागजात व भुगतान की जानकारी की जा रही है।
इसके अलावा कुछ दिन पूर्व वायरल एक ऑडियो भी चर्चा में है। इसमें दो लोग आपस में बातक करते सुने जाते हैं कि निखत ने चार लाख रुपये लाकर अब्बास को दिए हैं। इस ऑडियो की पुष्टि अमर उजाला नहीं करता। इस संबंध में जेल अधीक्षक राजीव सिंह ने बताया कि ऑडियो को लेकर इसे जांच के लिए भेजा गया है। उधर वाराणसी की जांच टीम ने गुरुवार को जेल परिसर व इसे मामले से जुड़ी कड़ियों को जोड़ने का काम किया है।