फोटो न- 16 सीकेटीपी 13 रथ पर विराजमान भगवान जगन्नाथ, बलभद्र व सुभद्रा व मौजूद अन्य। संवाद
फोटो न- 16 सीकेटीपी 13 यात्रा में मौजूद साधु संत व अन्य। संवाद
फोटो न- 16 सीकेटीपी 13 यात्रा में मौजूद महिलाएं, पुरुष व बच्चे। संवाद
= तीन सौ साल पुरानी परंपरा, गाजे-बाजे की धुन पर थिरके भक्त
संवाद न्यूज एजेंसी
चित्रकूट। भगवान जगन्नाथ की नौ दिवसीय भव्य रथयात्रा का बृहस्पतिवार को आगाज हो गया। नौ दिनी यह यात्रा शहर के तरौंहा मोहल्ले के जयदेव अखाड़ा परिषद से निकाली गई। यह तीन सौ साल पुरानी परंपरा स्थानीय आस्था और सांस्कृतिक विरासत का हिस्सा है।
यात्रा रथ पर पहले भक्तों ने भगवान जगन्नाथ, उनके बड़े भाई बलभद्र और बहन सुभद्रा को विराजमान किया। इसके बाद उनकी पूजा-अर्चना की गई। गाजे-बाजे के संग निकली इस रथ यात्रा में बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए। भक्तों ने स्वयं रथों से बंधी रस्सियों को खींचकर यात्रा को आगे बढ़ाया। जगह-जगह पर लोगों ने भगवान जगन्नाथ रथ यात्रा का स्वागत किया और पूजन अर्चन कर उनके दर्शन कर पुण्य लाभ कमाया। कच्ची छावनी परिसर में आयोजित विशाल मेले में स्थानीय निवासियों ने खरीदारी का आनंद लिया।
यात्रा की जानकारी देते हुए पुजारी रमाशंकर ने बताया कि यात्रा का पहला पड़ाव धुस मैदान में होगा, जहां मेले का आयोजन होगा। इसके बाद यात्रा एलआईसी चौराहे और सोनेपुर गांव होते हुए पंचमी के दिन गुंडिचाधाम पहुंचेगी, जहां एक विशाल मेला लगेगा। षष्ठी के दिन यात्रा वापस लौटकर नौवें दिन जयदेव अखाड़ा परिसर पहुंचेगी, जहां विशाल भंडारा आयोजित होगा। इस अवसर पर विजय शंकर द्विवेदी और राजेश कुमार समेत कई गणमान्य उपस्थित थे।
फोटो न- 16 सीकेटीपी 13 रथ पर विराजमान भगवान जगन्नाथ, बलभद्र व सुभद्रा व मौजूद अन्य। संवाद
फोटो न- 16 सीकेटीपी 13 रथ पर विराजमान भगवान जगन्नाथ, बलभद्र व सुभद्रा व मौजूद अन्य। संवाद