डीएम नीलम अहलावत के गोद लिए गांव चितरा गोकुलपुर में शनिवार को अभियान संस्था के तत्वावधान में पेयजल, स्वच्छता और कुपोषण विषय पर जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया। इसमें डीएम ने कहा कि बच्चों को कुपोषण से बचाने की जिम्मेदारी सबकी है। उन्होंने बच्चियों को प्रोत्साहित करते हुए कहा कि वे इतना पढ़े लिखें कि भविष्य में डीएम बन सकें।
जिलाधिकारी ने ग्रामीणों से राष्ट्रीय पोषण मिशन की सुविधाओं का लाभ उठाने की अपील की। उन्होंने आशा और एएनएम को निर्देश दिए कि बच्चों को कुपोषण से बचाने के लिए हर संभव प्रयास करें। कहा कि आशा और एएनएम स्वास्थ्य सेवाओं और समुदाय के बीच कड़ी की तरह काम करें। अभिभावकों से लड़कियों को स्कूल भेजने को कहा। संस्था के निदेशक अशोक कुमार ने बताया कि कुपोषण के प्रति जागरूकता पैदा करने के लिए ही इस शिविर का आयोजन किया गया है। अपर सीएमओ राजबहादुर ने बताया कि कम उम्र में शादी भी कुपोषण की वजह है।
उचित खानपान का अभाव भी कुपोषण को बढ़ावा देता है। उन्होंने ग्रामीणों को गर्भवती महिलाओं और बच्चों का टीकाकरण समय से कराने की सलाह दी। जिला कार्यक्रम अधिकारी हरीश कुमार ने बताया कि आंगनबाड़ी केंद्रों के माध्यम से ग्रामीण सेवाओं का लाभ ले सकते हैं। जल संस्थान के अधिशासी अभियंता सुरेश चंद्र ने बताया कि उनका विभाग समय-समय पर हैंडपंपों के पानी की क्वालिटी टेस्टिंग कराता है। शिविर में शिवाजी इंटर कालेज के शिक्षकों, प्रधान और संस्था के कार्यकर्ताओं ने भी विचार रखे। संचालन ममता वर्मा ने किया। जादूगर अरुण प्रताप सिंह ने जल स्वच्छता और कुपोषण पर आधारित कार्यक्रम प्रस्तुत किया।