चित्रकूट। बाल सुधार गृह से बाल अपचारी के भागने के मामले में सुरक्षा में लापरवाही सामने आई है। बाल अपचारी के भागते समय ड्यूटी पर तैनात मुख्य आरक्षी सोते मिला। यह तस्वीर सीसीटीवी कैमरे में कैद भी हुई। जिस पर एसपी ने ड्यूटी पर तैनात हेड कांस्टेबल को निलंबित किया है। साथ ही आउट सोर्स के दो कर्मचारियों की सेवा समाप्ति के लिए सेवा प्रदाता एजेंसी व विभाग को पत्र भेजा गया है। पूरे मामले की जांच के लिए तीन सदस्यीय मजिस्ट्रेटी समिति गठित की गई है।
शहर के एसडीएम कॉलोनी में संचालित राजकीय बाल सुधार गृह से रविवार की भोर करीब तीन बजे एक अपचारी खिड़की की जाली हटाकर छत के रास्ते से भाग गया है। सुबह जानकारी होने पर बाल सुधार गृह में हड़कंप मच गया था। सूचना पर एएसपी सत्यपाल सिंह, सीओ अरविंद कुमार वर्मा ने पहुंचकर जांच की और वहां पर लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाले तो बाल अपचारी के भागते समय ड्यूटी पर तैनात हेड कांस्टेबल अजय कुमार सोते मिले। इसकी जांच रिपोर्ट एसपी अरुण कुमार सिंह को दी गई।
एसपी ने ड्यूटी में लापरवाही बरतने के आरोप में हेड कांस्टेबल को निलंबित कर दिया और प्रारंभिक जांच भी शुरू की है। बाल सुधार गृह में तीन सिपाहियों की तैनाती है। वहीं जिला प्रोबेशन अधिकारी प्रगति गुप्ता की जांच रिपोर्ट में मिला कि रात की ड्यूटी में तैनात आउटसोर्स के दो कर्मचारियों ने कमरे के दरवाजा में ताला न बंद कर केवल कुंडी ही बंद की थी। इसी वजह से अपचारी जाली हटाकर छत के रास्ते से भाग गया है। इसमें दोनों कर्मचारियों की लापरवाही सामने आई है। इसलिए दोनों की सेवा समाप्त करने के लिए सेवा प्रदाता कंपनी व उच्चाधिकारियों को पत्र भेजा है।
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डीएम ने गठित की तीन सदस्यीय जांच टीम
बाल सुधार गृह से अपचारी के भागने के मामले में डीएम पुलकित गर्ग ने तीन सदस्यीय मजिस्ट्रेटी समिति गठित कर जांच कराने के निर्देश दिए हैं। समिति की रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। समिति तीन दिन में अपनी जांच रिपोर्ट डीएम को सौंपेगी।