जिले के सीमावर्ती नया गांव मप्र. से डाकू गैंग द्वारा अपहृत सगे भाइयों का चार दिन बाद भी पुलिस कुछ सुराग नहीं लगा सकी है। डकैतों ने अपहृतों के रिश्तेदारों को फोन कर तीन लाख की फिरौती पहुंचाने की धमकी दे रहे हैं। इससे परिवार दहशत में है। यूपी-एमपी पुलिस अपहृतों की सकुशल रिहाई केे लिए दिन रात जंगलों में डटी है।
चित्रकूट जिले के शिवरामपुर चौकी क्षेत्र के बिहरवां अमरावां निवासी रविकरन पाल व राकेश पाल पुत्रगण सुकरू तीन अन्य के साथ शुक्रवार को बकरी चराने के दौरान सीमावर्ती नयागांव मप्र. थानाक्षेत्र पहुंच गए थे। जहां चौबेपुर के कैलाश मंदिर के पास से दस हजार के इनामी डाकू ललित पटेल गैंग ने रवि-राकेश का अपहरण कर लिया था। इसकी तलाश मंगलवार को भी जारी रही, लेकिन अभी तक कोई सफलता नहीं मिली है।
सतना मप्र. पुलिस अधीक्षक मिथलेश कुमार ने बताया कि तीन टीमें थर, अनुसूईया व यूपी की सीमा के जंगल में सर्च अभियान चला रहीं हैं। नयागांव टीआई देवीसिंह ने बताया कि जल्द ही अपहृतों को छुड़ा लिया जाएगा। इधर, चित्रकूट पुलिस अधीक्षक डीपी सिंह ने भी बालकों की रिहाई के लिए पुलिस बल को एलर्ट किया है। शिवरामपुर चौकी प्रभारी सुजीत कुमार ने बताया कि फिलहाल अपहृतों के परिजन फिरौती मांगने की जानकारी पुलिस को नहीं दे रहे हैं। सीमाक्षेत्र में डकैतों की तलाश की जा रही है। जल्द ही सफलता मिलेगी।
अमरावां पुरवा के अपहृत दो भाइयों के परिजन दहशत में हैं। घटना का प्रत्यक्षदर्शी रामकेश ने बताया कि डकैतोेें के फोन उनके घर में नहीं आ रहे, लेकिन रिश्तेदारों के घर फोन कर डकैतों ने फिरौती के तीन लाख की मांग की है। जिसे पहुंचाने के लिए अड्डे की जानकारी बाद में देने को कहा है। पुलिस से न बताने की धमकी भी दी है।