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एमपी सीएम के प्रतिनिधि से नोंकझोंक, लोगों ने घेरा

Tue, 26 Feb 2019 11:08 PM IST
akhilesh अखिलेश यादव एमपी सीएम के प्रतिनिधि से नोंकझोंक, लोगों ने घेरा
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log - फोटो : Amarujala
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पूर्व के बयान से खफा लोग देखकर भड़के, सीबीआई जांच की होगी सिफारिश
अमर उजाला ब्यूरो
चित्रकूट। तेल उद्यमी के जुड़वां बच्चों की अपहरण के बाद हत्या के मामले में मंगलवार को मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री कमलनाथ के प्रतिनिधि के रूप में चित्रकूट पहुंचे प्रभारी मंत्री लखन घनघोरिया का लोगों ने घेराव किया। मंत्री के पूर्व में दिए बयान से नाराज लोगों से काफी देर तक नोकझाेंक होती रही। पुलिस सुरक्षा के बीच मंत्री पीड़ित परिजनों के घर पहुंचे और सांत्वना दी। उन्होंने किसी भी आरोपी को न छोड़ने और सीबीआई जांच की सिफारिश का आश्वासन दिया।
गौरतलब हो कि 12 फरवरी को जिले की सीमा से सटे नयागांव थाना क्षेत्र के जानकीकुंड स्थित सदगुरु पब्लिक स्कूल परिसर से तेल उद्यमी बृजेश रावत के जुड़वां बेटों प्रियांश व श्रेयांश का अपहरण कर 12 दिन बाद फिरौती की रकम लेने के बावजूद हत्या कर दी थी। मंगलवार को मप्र के सीएम के प्रतिनिधि के रूप में पहुंचे सतना के प्रभारी मंत्री लखन घनघोरिया को विरोध का सामना करना पड़ा। उन्होंने कुछ दिन पूर्व कहा था कि अपहृत बच्चे सकुशल हैं और जल्द मिल जाएंगे। जैसे ही मंत्री रामघाट पहुंचे तो भीड़ ने उन्हें घेर लिया और पूर्व के बयान पर सवाल करना शुरू कर दिया। स्थिति नाजुक देख पुलिस ने मंत्री को घेर लिया।
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मंत्री ने कहा कि उनके कहने का मतलब यह था कि घबराएं नहीं, सबकी तरह उनके भी बच्चे सकुशल मिल जाएंगे। इसके बाद वह पीड़ित परिजनों के घर पहुंचे और बताया कि मामले में सदगुरु ट्रस्ट समेत अन्य जो भी आरोपी हैं उनसे पूछताछ होगी। कहा कि आरोपियों को कड़ी सजा दिलाने के लिए पूरा मामला फास्ट ट्रैक कोर्ट में चलाया जाएगा। सीबीआई जांच के लिए सीएम सिफारिश करेंगे। वहीं, इस घटना के तीसरे दिन भी चित्रकूट क्षेत्र में शोक की लहर है।
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जुड़वां बच्चों की हत्या के सदमे महिला की मौत
चित्रकूट। अपहृत बच्चों श्रेयांश व प्रियांश की हत्या से आहत शहर के सिविल लाइंस निवासी कुसुम देवी (55) की हृदय गति रुकने से मौत हो गई। यह वही महिला है जिसके पति का अपहरण 2002 में डकैतों ने चित्रकूट से घर आते समय रास्ते से कर लिया था। जिसकी फिरौती न मिलने पर हत्या कर दी थी। महिला के निधन से शहर में शोक व्याप्त हो गया।
 
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