पहाड़ी(ब्यूरो)। झोला छाप डाक्टराें के खिलाफ स्वास्थ्य विभाग ने जांच अभियान शुरू किया है। बुधवार को जांच में अपर सीएमओ पहुंचे तो संबंधित डॉक्टर क्लीनिक बंद कर गायब हो चुका था। कस्बे में एक झोला छाप डॉक्टर से इलाज के दौरान डेढ़ माह पूर्व एक युवक की मौत हुई थी। जिस पर परिजनों ने डॉक्टर पर गलत इलाज करने का आरोप लगाया था। सीएमओ डॉ. रामजी पांडेय ने बताया कि क्षेत्र में झोलाछाप डाक्टरों के खिलाफ अभियान जारी है। इसके तहत बुधवार को पहाड़ी में जांच के लिए टीम भेजी गई थी। जांच अधिकारी अपर सीएमओ डॉ. पीएन गोयल ने बताया कि जैसे ही टीम कस्बे में पहुंची तो इसकी भनक संबंधी डॉक्टर को लग गई थी। क्लीनिक बंद मिलने पर टीम लौट आई। आसपास के लोगों ने बताया कि कुछ देर पूर्व क्लीनिक खुली थी।