चित्रकूट। देवांगना घाटी में किशोर को बंधक बनाकर युवती से सामूहिक दुष्कर्म के आरोपियों से शनिवार शाम को पुलिस की जंगल में मुठभेड़ हो गई। मुठभेड़ में एक सिपाही को गोली लग गई। जवाबी फायरिंग में 50 हजार के इनामी एक आरोपी के बाएं पैर में गोली लगी। वहीं दो आरोपी जंगल का फायदा उठा कर भाग गए। पुलिस लगातार जंगल में तलाश में जुटी हुई है। पुलिस तुरंत दोनों को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र शिवरामपुर में भर्ती कराया। जहां से जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया।
भरतकूप थाना क्षेत्र के मड़फा के जंगल में गोशाला के आगे हुड़ा मोड़ पुल के पास शाम करीब पांच बजे एसओजी टीम को सूचना मिली कि बाइक से सामूहिक दुष्कर्म के आरोपी जा रहे हैं। इस पर एसओजी व बहिलपुरवा थाना की पुलिस टीम ने जंगल में घेराबंदी की तो आरोपी तमंचा से पुलिस पर फायरिंग शुरू कर दी। जिससे बहिलपुरवा थाना में तैनात सिपाही राघवेंद्र सिंह के दाहिने हाथ में गोली लग गई। पुलिस की जवाबी फायरिंग में एक आरोपी के बाएं पैर में गोली लगी। जिससे वह गिर गया तो उसके दो साथी फायरिंग करते हुए घायल को छोड़ कर जंगल की ओर भाग गए। पुलिस ने पीछा भी किया, लेकिन कोई पता नहीं चल सका है। मुठभेड़ की सूचना पर एसपी अरुण कुमार सिंह, सदर कोतवाल दुर्ग विजय सिंह, भरतकूप थाना प्रभारी विनोद कुमार राय, शिवरामपुर चौकी प्रभारी शनि चतुर्वेदी सहित अन्य पुलिस की टीमें मौके पर पहुंची और जंगल में दो आरोपियों की तलाश में जुट गई। देर शाम तक सफलता नहीं मिल सकी है। पुलिस तुरंत घायल सिपाही व आरोपी सदर कोतवाली क्षेत्र के कल्ला गांव निवासी जितेंद्र कुमार उर्फ भोले को सीएचसी शिवरामपुर ले जाया गया। जहां प्राथमिक उपचार के बाद जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया। एसपी अरुण कुमार सिंह ने बताया कि आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए टीमें लगातार जुटी थी। सूचना पर आरोपियों को घेरा गया तो फायरिंग की। इस पर सिपाही को गोली लगी तो जवाब में फायरिंग की गई। जिससे आरोपी जितेंद्र के पैर में गोली लगी है। सिपाही व आरोपी को अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
तीनों आरोपियों पर 50-50 हजार का था इनाम
चित्रकूट। देवांगना घाटी में युवती के साथ गैंगरेप के मामले में तीनों से फरार आरोपियों पर एसपी अरुण कुमार सिंह ने पहचान होने के बाद 25-25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया था। उसकी रिपोर्ट डीआईजी को सौंपी थी। जिस पर डीआईजी राजेश एस ने इनाम की राशि बढ़ा कर 50-50 हजार रुपये कर दिया था। एक आरोपी के मुठभेड़ में घायल होने के बाद दो आरोपी अभी फरार हैं।
ग्रामीणों से हुई थी आरोपियों की पहचान
चित्रकूट। युवती से दुष्कर्म के मामले में फरार तीनों आरोपियों के हुलिया के आधार पर देवांगना घाटी के पास एक गांव के कुछ ग्रामीणों ने पहचान की आशंका जाहिर की थी। बाइक का नंबर भी दिया था। जिस बाइक मालिक का पता लगा कर पुलिस ने एक आरोपी की पहचान की तो अन्य दोनों आरोपियों की पहचान हो गई। जिसमें कल्ला निवासी जितेंद्र पटेल उर्फ भोले, रैपुरवा माफी निवासी विवेक कुमार पटेल व भरतकूप थाना क्षेत्र के मानपुर गांव निवासी प्रवीण कुमार पटेल की फोटो से किशोर व युवती ने भी पुष्टि की।
किशोर दोस्त के साथ देवांगना घाटी घूमने गई थी युवती
मध्य प्रदेश के नयागांव निवासी युवती 22 जुलाई को अपने किशोर दोस्त के साथ देवांगना घाटी घूमने गई थी। जहां चट्टान पर बैठ कर बातचीत कर रही थी। तभी बाइक से तीन युवक पहुंचे और खुद को वनकर्मी बताकर दोनों को धमकाया। किशोर को बंधक बना कर पीटा और उसके हाथ-पैर गमछे से बांध दिया था। फिर युवती को कुछ दूर ले जाकर दो युवकों ने सामूहिक दुष्कर्म किया था। किसी से बताने पर जाने से मारने की धमकी देते हुए भाग गए थे। घाटी पर नेटवर्क न होने की वजह से पुलिस को तुरंत सूचना नहीं दे पाए थे। नीचे आने पर पीआरवी को सूचना दी थी। जिस पर एडीजी ज्योति नारायण, डीआईजी राजेश एस, एसपी अरुण कुमार सिंह, एएसपी पीयूष कांत राय सहित कई थानों का पुलिस बल पहुंचा था। घटना के बाद से आरोपियों की पहचान व गिरफ्तारी के लिए जिले के अलावा बांदा जिले की भी टीमें लगी थी।
फोटो 25 सीकेटीपी 27 मुठभेड़ में घायल आरोपी को लाती पुलिस। संवाद