सकलडीहा। बकाया मानदेय के भुगतान के लिए सकलडीहा तहसील के लेखपालों ने तीसरे दिन बृहस्पतिवार को भी लेखपालों ने ऑनलाइन सत्यापन का कार्य का बहिष्कार किया। इससे आय, जाति और निवास प्रमाणपत्र के पांच हजार से ज्यादा आवेदन लटक गए हैं। छात्र, किसान, व्यापारी तहसील के चक्कर काट रहे हैं।
ऑनलाइन आवेदनों का सत्यापन नहीं होने से आय, जाति, निवास प्रमाणपत्र, नाम संशोधन, अंश निर्धारण, वरसात व आपदा से संबंधित आवेदन एनआईसी पोर्टल पर अटके हुए हैं। छात्रवृत्ति के लिए प्रमाणपत्र न मिलने से छात्र-छात्राएं परेशान हैं। वहीं, अंश निर्धारण का रुकने से रजिस्ट्री की प्रक्रिया भी प्रभावित हो रही है।
लेखपाल संघ के जिलाध्यक्ष विनय सिंह और तहसील अध्यक्ष अरुण अवस्थी ने बताया कि आय, जाति और निवास प्रमाणपत्रों के सत्यापन कार्य का मानदेय तीन वर्षों से नहीं मिला है। कई बार जिलाधिकारी और अपर जिलाधिकारी को ज्ञापन दिया गया लेकिन अब तक भुगतान नहीं किया गया। उन्होंने कहा कि जब तक बकाया मानदेय का भुगतान नहीं होगा, तब तक कार्य बहिष्कार जारी रहेगा।