ताराजीवनपुर। सदर कोतवाली क्षेत्र के बसिला नसीरपुर चट्टी पर देसी शराब की दुकान पहले से है। इस बीच वहां अंग्रेजी शराब की दुकान का भी आवंटन होने की सूचना से नाराज 40 से ज्यादा महिलाएं लाठी-डंडा लेकर पहुंचीं और देसी शराब की दुकान में तोड़फोड़ शुरू कर दिया। दुकान में तोड़फोड़ होते देख सेल्समैन भाग गया। महिलाओं ने शराब की पेटियों को सड़क पर फेंक दिया। इसके बाद सुबह सवा 10 बजे से 11.30 बजे तक एक घंटे से ज्यादा समय तक चक्काजाम किया। मौके पर पहुंची पुलिस ने महिलाओं को दुकान हटवाने का आश्वासन दिया। इसके बाद महिलाओं ने जाम समाप्त किया।
बसिला नसीरपुर चट्टी पर देसी शराब की दुकान पिछले पांच साल से चलाई जा रही है। महिलाओं ने आरोप लगाया कि यहां शाम होते ही आधा दर्जन गांवों के लोग एकत्र होकर शराब के नशे में जमकर उत्पात मचाते हैं। आरोप लगाया कि कई बार शराब के नशे में धुत होकर लोग महिलाओं से अभद्रता भी करते हैं। उनका यह भी कहना था कि इस मार्ग से होकर तीन विद्यालय के छात्र-छात्राएं भी प्रतिदिन आते-जाते हैं। यहां पर अंग्रेजी व बियर की नई दुकान आवंटन कर दिया गया। इससे क्षेत्र में शराबियों का उत्पात और बढ़ेगा। उधर, महिलाओं के प्रदर्शन व जाम के चलते सड़क पर दोनों तरफ वाहनों की लंबी कतार लग गई। सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची। आबकारी विभाग के निरीक्षक भी मौके पर पहुंचे और महिलाओं को समझाने में जुट गए। महिलाओं का आरोप था कि कई बार दुकान हटाने के लिए उन लोगों द्वारा प्रदर्शन किया गया, लेकिन उनकी मांगों की तरफ ध्यान नहीं दिया गया। शराबियों के उत्पात से परेशान होकर महिलाओं को यह कदम उठाना पड़ा। आबकारी विभाग के निरीक्षक शरद कुमार ने एक महीने के अंदर शराब की दुकान को हटाने का आश्वासन दिया। इसके बाद महिलाएं शांत हुईं। इस बीच सुबह करीब सवा 10 बजे से 11:30 बजे तक जाम के कारण लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा। थाना प्रभारी राजेश कुमार सिंह कहना है कि महिलाओं ने आबकारी इंस्पेक्टर को दुकान हटाने के लिए प्रार्थना पत्र दिया है। स्थिति सामान्य बनी हुई है। अभी तक इस संबंध में कोई तहरीर नहीं मिली है।